
एसएएस नगर (द स्टैलर न्यूज़)। सीनियर पुलिस कप्तान जिला एसएएस नगर के दिशानिर्देशों पर हरमनदीप सिंह हांस, एस.पी गुरचरन सिंह, डी.एस.पी की अगुवाई में इंस्पैक्टर गुरमेल सिंह इंचार्ज सी.आई.ए. स्टाफ मोहाली की देखरेख में 3 व्यक्तियों को गिरफ्तार किया है। जिनका मुखी खुद को पंजाब पुलिस की स्पैशल ब्रांच का इंस्पैक्टर बनकर लोगों के साथ ठगी करता था। एसएसपी ने जानकारी देते हुए बताया कि 11 मार्च 2020 को सीआईए स्टाफ की पुलिस पार्टी को तजिंदर सिंह पुत्र रघबीर सिंह निवासी 525 फेस 6 मोहाली ने बताया कि वह ओक्स रोड़ चण्डीगढ़ टाइल नाम की दुकान बडाला रोड़ खरड़ में काम करता है। करीब 4 माह पहले उसके पास राजिंदर सिंह बल्ल नाम के व्यक्ति आया जो खुद को पंजाब पुलिस का इंस्पेक्टर बताते हुए अपनी तैनाती मोहाली स्पैशल सैल में बता रहा था।

जिसके साथ और भी व्यक्ति आते थे, जिन्हें वह अपने गनमैन बताया था। जो उससे करीब 4 बार टायलें लेकर गया था। जिस के साथ उसकी जान पहचान हो गई तथा उसके पास आने-जाने लगा। तजिंदर सिंह के बताने अनुसार राजिंदर सिंह बल्ल खाकी पगड़ी लाल फिफटी के साथ लाल शूज डालकर आता था तथा कान को फोन लगाकर डमी काल करता था। जिसमें अकसर रेड करने की बातें और अपने मुलाजिमों को हिदायत करता था। दिसंबर 2020 में राजिंदर बल्ल उसके पास आया जिसने कहा कि उसके पास एक केस की इन्कवायरी है जिनकी जमीन संतेमाजरा में है। इस जमीन के मालिक उनके पास फंसे हुए हैं तथा यह जमीन वह सस्ते दामों में मिल रही है अगर हम जमीन बुक कर लें तो हमें इसमें काफी लाभ हो सकता है। राजिंदर सिंह बल्ल ने कहा कि यह कुल 33 लाख रुपये का बयाना करना है जिसमें 20 लाख रुपये आप डालो और 13 लाख रुपये वह खुद डाल देगा, जो मुझे संतेमाजरा में जमीन दिखाई थी। जिस कारण उसे फर्जी पुलिस कर्मी पर विश्वास हो गया। इसके बाद वह संतेमाजरे की जमीन का बयाना करने के लिए तैयार हो गया।
29 दिसंबर 2020 को इसने जमीन के मालिक जिंदर सिंह तथा रणधीर सिंह निवासी संते मजारा जमीन के मालिकों के साथ उनका एक एग्रीमेंट उनके नाम पर करवाया तथा राजिंदर सिंह बल्ल ने कहा कि वह अपना नाम एग्रीमैंट में नहीं डलवा सकता, क्योंकि, वह एक सरकारी कर्मचारी हैं। उसने राजिंदर सिंह बल्ल को 20 लाख की रक्म अदा कर दी थी। जिन्होंने उसको एक फर्जी बयाना बनाकर दे दिया था। जिस पर खुद राजिंदर बल्ल ने हस्ताक्षर किए थे। पीडि़त ने बताया कि 20 लाख की ठगी मारने के बाद उक्त आरोपी ने उसका फोन उठाना भी बंद कर दिया था। जब शिकायतकर्ता फोन करता तो कोई और व्यक्ति फोन उठाता और कहता कि साहिब अभी किसी जांच में व्यस्त हैं या साहिब किसी की इंटेरोगेशन कर रहे हैं। इस संबंधी थाना सिटी खरड़ में राजिंदर सिंह उर्फ बल्ल निवासी नवांशहर बडाला तथा हरबंस सिंह पुत्र नसीब सिंह निवासी गांव रसनहेड़ी थाना सदर खरड़ तथा भुपिंदर सिंह उर्फ पप्पु पुत्र अजायब सिंह निवासी दातारपुर थाना मोरिंडा जिला रोपड़ को गिरफ्तार करके अदालत में पेश करके पुलिस रिमांड हासिल किया गया है तथा मामले की जांच जारी है।











