
रूपनगर (द स्टैलर न्यूज़), रिपोर्ट-ध्रुव नारंग। श्री महावीर दल श्री हनुमान मंदिर रूपनगर की ओर से बेअंत सिंह अमन नगर के ग्राउंड में चल रही है रामलीला में श्री रामचंद्र जी ने अयोध्या वासियों को जंगल में छोड़कर आगे की राह पकड़ी। श्री रामचंद्र जी को छोड़कर सुमंत जी जब अयोध्या में पहुंचे तो दशरथ जी पुत्र वियोग को सहन न कर पाए और परलोक सिधार गए।

उधर श्री रामचंद्र जी केवट की बरसों की इंतजार की घड़ियों को समाप्त करते हुए उनके पास पहुंचे और पिछले जन्म का वादा पूरा किया जिसमें श्री हरि विष्णु के पास केवट पूर्व जन्म में कछुए के रूप में क्षीरसागर में जब उनके पांव के पास जाता तो लक्ष्मी जी दूर हटा देती और जब सिर की तरफ जाता तो शेषनाग उन्हें अपनी फूकार से दूर भगा देते हैं तब श्री हरि विष्णु ने कछुए की दशा पर दया करते हुए उन्हें वरदान दिया था कि जब वह राम रूप में आपके पास आएंगे तो यही शेषनाग लक्ष्मण के रूप में और लक्ष्मी जी सीता के रूप में पास खड़े होंगे लेकिन तुम्हें नहीं रोकेंगे तब जी भर के तुम मेरे रूप की सेवा करना। हनुमान मंदिर के प्रधान कपिल देव शर्मा ने पहुंचे हुए सारे संगत का धन्यवाद किया तथा चल रही रामलीला में से धार्मिक प्रश्न पूछ कर जनता में से सही उत्तर देने वाले को नाथ कम्युनिकेशन की ओर से एक उपहार भी दिया।












