Sunday, October 25, 2026
Home Latest सांसद राघव चड्ढा ने राज्यसभा में पूछा-अमृतसर से नांदेड़, पटना, गुवाहाटी और...

सांसद राघव चड्ढा ने राज्यसभा में पूछा-अमृतसर से नांदेड़, पटना, गुवाहाटी और धर्मशाला के लिए क्यों नहीं हैं उड़ानें? पंजाब की हवाई कनेक्टिविटी पर जताई चिंता

नई दिल्ली (द स्टैलर न्यूज़)। पंजाब से राज्यसभा सांसद और आम आदमी पार्टी के नेता राघव चड्ढा ने राज्यसभा सत्र में पंजाब की हवाई कनेक्टिविटी की स्थिति को लेकर सवाल उठाए। उन्होंने देश के विभिन्न राज्यों के लिए पंजाब से सीधी उड़ानों की कमी पर चिंता जाहिर करते हुए इसे राज्य के साथ भेदभाव करार दिया। सांसद राघव चड्ढा ने इस संदर्भ में चार महत्वपूर्ण सवाल उठाए। उन्होंने अमृतसर से प्रमुख घरेलू गंतव्य स्थानों के लिए वर्तमान उड़ानों के आंकड़े, नई उड़ानों के चयन के लिए मानदंड, नांदेड़, पटना, गुवाहाटी और धर्मशाला के लिए सीधी उड़ानें न होने की वजह, और दोआबा क्षेत्र में आदमपुर हवाई अड्डे की स्थिति, और यूनाइटेड किंगडम, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के साथ अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी को लेकर नागरिक उड्डयन मंत्रालय से सवाल पूछे। सांसद राघव चड्ढा ने विशेष रूप से अमृतसर से नांदेड़, पटना, गुवाहाटी और धर्मशाला के लिए सीधी उड़ानें न होने पर सवाल खड़े किए। इसके साथ ही उन्होंने पंजाब के आदमपुर हवाई अड्डे से उड़ानों को लेकर हो रही देरी और यूनाइटेड किंगडम, ऑस्ट्रेलिया और न्यूजीलैंड के साथ अंतरराष्ट्रीय उड़ानों की कनेक्टिविटी पर भी सवाल उठाए। उन्होंने कहा, “अमृतसर एक ऐतिहासिक और सांस्कृतिक शहर है, जो न केवल सिख धर्म का केंद्र है, बल्कि एक प्रमुख पर्यटक स्थल भी है। यहां से घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी बढ़ाने की अत्यधिक आवश्यकता है।

Advertisements

सरकार को एयरलाइंस के साथ मिलकर इस दिशा में ठोस कदम उठाने चाहिए।” नागरिक उड्डयन मंत्रालय ने दिया जवाब नांदेड़, पटना, गुवाहाटी और धर्मशाला जैसे हवाई रूट्स पर उड़ानें शुरू करने को लेकर केंद्रीय नागरिक उड्डयन राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने लिखित उत्तर में बताया कि 1994 में भारतीय घरेलू विमानन क्षेत्र को डिरेगुलेट किया गया था। इसके बाद से एयरलाइनों को अपने बाजार और नेटवर्क चुनने की स्वतंत्रता दी गई। एयरलाइंस अपनी व्यावसायिक व्यवहार्यता और सरकार की तरफ से निर्धारित रूट डिस्पर्सल गाइडलाइंस (RDGs) और स्लॉट आवंटन जैसे नियमों के आधार पर उड़ानों का संचालन करती हैं।  मंत्री ने यह भी जानकारी दी कि केंद्र सरकार की उड़ान (UDAN) योजना के तहत दोआबा क्षेत्र के आदमपुर हवाई अड्डे का विकास किया गया है। जिसके निर्माण में 124.91 करोड़ रुपये की लागत आई। इसके तहत आदमपुर से दिल्ली, जयपुर, मुंबई और हिंडन के लिए उड़ानों की शुरुआत की गई है। हाल ही में, उड़ान 5.0 के तहत हिंडन से आदमपुर के लिए कनेक्टिविटी शुरू की गई है। अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर सरकार का रुख अंतरराष्ट्रीय उड़ानों को लेकर मोहोल ने स्पष्ट किया कि यह भारत और अन्य देशों के बीच द्विपक्षीय एयर सर्विसेज एग्रीमेंट (ASA) के तहत संचालित होती हैं। भारतीय एयरलाइंस अमृतसर सहित अन्य अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों से उड़ान भर सकती हैं, लेकिन इसके लिए वाणिज्यिक व्यवहार्यता और परस्पर सहमति से निर्धारित क्षमता सीमा का पालन करना अनिवार्य है।

मंत्रालय ने कहा कि घरेलू और अंतरराष्ट्रीय कनेक्टिविटी में सुधार के लिए विभिन्न योजनाओं पर विचार किया जा रहा है। इसमें नए मार्गों की संभावनाओं का अध्ययन और एयरलाइंस को ज्यादा उड़ानों के संचालन के लिए प्रोत्साहित भी किया जा रहा है। अमृतसर हवाई अड्डे पर कनेक्टिविटी का डाटा राज्यमंत्री मुरलीधर मोहोल ने अमृतसर हवाई अड्डे पर घरेलू कनेक्टिविटी के आंकड़े साझा किए। उन्होंने बताया कि यहां हर हफ्ते 454 उड़ानें आती और जाती हैं। ये उड़ानें दिल्ली, मुंबई, बेंगलुरु, कोलकाता, जयपुर, पुणे, और अन्य प्रमुख शहरों को जोड़ती हैं। इसमें इंडिगो, अलायंस एयर, एयर इंडिया, एयर इंडिया एक्सप्रेस, आकासा, स्पाइसजेट और विस्तारा जैसी प्रमुख एयरलाइंस शामिल हैं। पंजाब की कनेक्टिविटी पर सवाल उठाना ज़रूरी युवा सांसद राघव चड्ढा ने इस विषय पर चर्चा की आवश्यकता बताते हुए कहा कि पंजाब के यात्रियों और पर्यटन को बढ़ावा देने के लिए हवाई कनेक्टिविटी में सुधार किया जाना चाहिए। चड्ढा ने 2022 में राज्यसभा सदस्य के रूप में अपनी सेवाएं शुरू कीं और तब से ही वह पंजाब की समस्याओं को संसद में लगातार उठाते रहे हैं।

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here