
हमीरपुर (द स्टैलर न्यूज़), रजनीश शर्मा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला टौणी देवी में चल रहे एनएसएस (राष्ट्रीय सेवा योजना) के विशेष शिविर के छठे दिन युवाओं और स्वयंसेवकों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराने के लिए जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। इस अवसर पर स्थानीय पुलिस विभाग की ओर से दिनेश कुमार ने स्वयंसेवकों के साथ संवाद करते हुए नशा मुक्ति पर विस्तार से चर्चा की।

उन्होंने बताया कि नशे की लत न केवल एक व्यक्ति का जीवन तबाह करती है, बल्कि पूरे परिवार और समाज पर इसका गंभीर प्रभाव पड़ता है। युवाओं को नशे से बचाकर ही हम समाज को बेहतर दिशा में ले जा सकते हैं। पुलिस प्रशासन ऐसे अभियानों में पूरी सक्रियता से शामिल है और जागरूकता फैलाने में युवाओं और एनएसएस के स्वयंसेवकों की भूमिका सराहनीय है। उन्होंने युवाओं से अपील की कि वे इस जहर से दूर रहें और अपने आसपास के लोगों को भी इसके खतरों के प्रति जागरूक करें। इस अवसर पर सभी स्वयंसेवकों ने नशा न करने की शपथ ली नशा मुक्ति के साथ ही स्वच्छता पर विशेष ध्यान देते हुए एनएसएस विशेष शिविर के छठे दिन एक रैली का भी आयोजन किया गया जिसमें स्वयंसेवकों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया। रैली स्थानीय बाजार से होकर गुजरी, जहां स्वयंसेवकों ने दुकानदारों और राहगीरों को स्वच्छता के महत्व के बारे में जागरूक किया।
रैली में शामिल छात्रों ने लोगों से अपील की कि वे अपने घरों और दुकानों के आसपास स्वच्छता बनाए रखें और गंदगी फैलाने से बचें। रैली के दौरान ‘स्वच्छ भारत, स्वस्थ भारत’ और ‘गंदगी नहीं फैलाएंगे, देश को स्वच्छ बनाएंगे’ जैसे नारे गूंजते रहे। कार्यक्रम अधिकारी विजय कुमार ने स्वयंसेवकों को संबोधित करते हुए कहा, स्वच्छता केवल हमारे परिवेश को साफ रखने तक सीमित नहीं है, बल्कि यह हमारे मानसिक और शारीरिक स्वास्थ्य से भी जुड़ी है। जैसे हम गंदगी को अपने आसपास से हटाते हैं, वैसे ही हमें नशे जैसी सामाजिक बुराइयों से भी समाज को मुक्त करना होगा। स्वयंसेवक केवल इस शिविर का हिस्सा नहीं हैं, बल्कि समाज में परिवर्तन लाने के संदेशवाहक भी हैं। जो जागरूकता आप यहां फैलाते हैं, वही हमारे देश के भविष्य को बदलने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी। स्वयंसेवकों ने इस शिविर में जोश और समर्पण के साथ भाग लिया। इस तरह, एनएसएस शिविर के माध्यम से युवाओं ने नशा मुक्त समाज और स्वच्छता के महत्व पर जो संदेश फैलाया, वह न केवल इस शिविर तक सीमित रहेगा, बल्कि पूरे क्षेत्र में एक सकारात्मक प्रभाव डालेगा।












