
चंडीगढ़ (द स्टैलर न्यूज़)। पंजाब के मुख्यमंत्री भगवंत मान ने घोषणा की है कि राज्य की लगभग 52 लाख महिलाओं को एक जुलाई से हर महीने आर्थिक सहायता राशि मिलनी शुरू हो जाएगी। यह संख्या पंजाब की वयस्क महिला आबादी का 51.48 प्रतिशत है। मान ने कहा कि ‘मुख्यमंत्री मावां-धीयां सत्कार योजना’ के लिए हमने फंड अलग रखा है। लगभग 52 लाख लाभार्थियों की पहचान की जा चुकी है, जबकि 35-36 लाख महिलाओं को कार्ड जारी किए जा चुके हैं। सरकार का लक्ष्य इस महीने के अंत तक सभी पात्र महिलाओं को कार्ड उपलब्ध कराना है। महिलाओं को 1,000 रुपये की वित्तीय सहायता देना, आम आदमी पार्टी द्वारा 2022 के विधानसभा चुनाव से पहले किए गए प्रमुख वादों में से एक था। सरकार को इसे लागू करने में देरी के लिए विपक्ष की आलोचना का सामना करना पड़ रहा था। योजना के तहत सामान्य वर्ग की महिलाओं को 1,000 रुपये प्रति माह और दलित महिलाओं को 1,500 रुपये प्रति माह की सहायता दी जाएगी।

जानकारी के अनुसार, यह राशि पहले से दी जा रही सामाजिक सुरक्षा पेंशन के अलावा हाेगी। इस योजना की घोषणा वित्त मंत्री हरपाल सिंह चीमा ने 2026-27 के अपने बजट प्रस्तावों में की थी। उन्होंने इसे लागू करने के लिए 9,300 करोड़ रुपये अलग रखे थे। सरकार ने तब कहा था कि 97 प्रतिशत महिलाओं को इसका लाभ मिलेगा; केवल सेवारत और सेवानिवृत्त सरकारी कर्मचारी, आयकर दाता और मौजूदा व पूर्व विधायक एवं सांसद इसके दायरे से बाहर रहेंगी। मुख्यमंत्री ने स्पष्ट किया कि यदि किसी पात्र महिला का कार्ड अक्तूबर में भी बनता है, तो उसे एक जुलाई से देय राशि का लाभ मिलेगा। उन्होंने कहा कि यह कोई चुनावी योजना नहीं, बल्कि एक दीर्घकालिक सामाजिक कल्याण कार्यक्रम है, जो चुनावों के बाद भी जारी रहेगा।











