
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। 5 अक्तूबर 2025 को जिला लेखक मंच होशियारपुर द्वारा ऑल इंडिया मुशायरा का आयोजन किया गया, जिसमें जिला लेखक मंच के संयोजक रघवीर सिंह टेरकियाना की ओर से शायरों, फनकारों एवं कलाकारों की उपस्थिति में इस बार का प्रो. मोहन सिंह औजला पुरस्कार-2025 जंग बहादूर गोयल चंडीगढ़ को प्रदान किया गया।

इस अखिल भारतीय मुशायरे में भारत के विभिन्न प्रांतों और पंजाब के विभिन्न दिशाओं से आए शायरों ने हिंदी, पंजाबी और उर्दू में अपनी कविताएं, ग़ज़लें और गीत सुनाकर कई घंटों तक माहौल को खुशनुमा बनाए रखा।
अपने-अपने कलाम पेश करने में शामिल हुए- मुहम्मद फियाज़ फारूकी (एडीजीपी), प्रो. असरार नसीमी बरेली (यूपी), ललित चैबे आरटिस्ट (दिल्ली), डा. संदेश त्यागी (राजस्थान), डा. अरुण शाहेरिया (श्री गंगानगर), डा. अंतर नीरव स्वामी (जम्मू), एजाज़ फारूकी (इलाहाबाद), चमन लाल शर्मा (चंडीगढ़), अकील ज़िया दरियाबाद बाराबंकी (यूपी), डॉ. नफ़्स अम्बालवी (हरियाणा), डा. जनमीत (कौलपुर), अजायब सिंह हुंदल (अमृतसर), जगसीर जीदा (बठिंडा), हरसिमरत कौर (लुधियाना), डॉ. मुहम्मद रफ़ी (मलेरकोटला), परमजीत सिंह विरक (पटियाला), गुरदयाल रोशन (लुधियाना), वखतौर सिंह धालीवाल (उमरा नंगल), परविंदर सिंह शोक (पटियाला), तरसेल नूर (लुधियाना), डा. नरिन्द्र सिंह (तलवाड़ा), देव हरियाणवी, बीबा कुलवंत (नवांशहर), अमन खटकड़ (कनाडा)।
मंच के संयोजक रघवीर सिंह टेरकियाना ने मंच सचिव की भूमिका अपने काव्यात्मक अंदाज में बड़े ही अनूठे अंदाज में निभाई और हर कवि की कविता पर दर्शकों ने भी तालियां बजाकर उत्साह बढ़ाया। सिर्फ उर्दू वालों को ही नहीं, हिंदी और पंजाबी वालों की भी बल्ले-बल्ले हो गई।
मंच के संयोजक टेरकियाना ने कहा कि हर साल की तरह यह हमारा 13वां मुशायरा है और ऐसे कार्यक्रम आगे भी जारी रहेंगे। उन्होंने वायदा किया कि आने वाले समय में मुशायरे को वैश्विक स्तर पर ले जाने के लिए विदेशों से भी शायरों को आमंत्रित किया जाएगा। सचमुच, इस समागम ने लोगों के मन पर अमिट छाप छोड़ी और कवियों की अच्छी कविताएँ लंबे समय तक लोगों के बीच प्रसारित होती रहेंगी।
इस कार्यक्रम में जिला लेखक मंच के सक्रिय सदस्यों के अलावा प्रमुख हस्तियों ने भी भाग लिया – प्रो. अजीत सिंह जबल, रविंदर शेरगिल वकील, प्रि. जसपाल सिंह, प्रि. अमरजीत टाटरा, लखवीर सिंह पूर्व सरपंच मीरपुर, नरेंद्र नेशनल एथलीट, हरदयाल अरनियाला, डा. मुझेल सिंह गढ़दीवाला, संगीतकार देव हरियाणवी, राजेश इनकम टैक्स वकील, पूजा कलेर एडवोकेट, अमरजीत नडालो, डा. हरजिंदर ओबराय, डा. दीपक शर्मा एडवोकेट, रिंपल शर्मा, भगवान सिंह हरसीपिंड, महेंद्र लाल स्टेनो, इंजी. नरेन्द्र सिंह, वरिंदर परिहाल, क्रांतिपाल (हेंडराइटिंट एक्सपर्ल्ट), बलवीर कौर (कौलपुर), मैडम बिंकलेश (जम्मू), दर्शन सिंह (एक्सियन लुधियाना) आदि विभिन्न प्रान्तों से आए कवियों ने पंजाबियों के प्रेम की प्रशंसा की।












