Saturday, October 17, 2026
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मुख्यमंत्री द्वारा राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों के दरमियान परफोर्मैंस ग्रेडिंग इंडैक्स रैकिंग में पहला स्थान हासिल करने पर पंजाब स्कूल शिक्षा विभाग को बधाई

चंडीगढ़(द स्टैलर न्यूज़)। पंजाब के मुख्यमंत्री कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने साल 2019-20 के लिए परफोर्मैंस ग्रेडिंग इंडैक्स (पी.जी.आई.) में सभी राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में पहला स्थान हासिल करने पर राज्य के स्कूल शिक्षा विभाग को बधाई दी है। यह रैकिंग भारत सरकार के शिक्षा मंत्रालय के स्कूल शिक्षा एवं साक्षरता विभाग द्वारा जारी की गई है। एक बधाई संदेश में कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने इस विलक्षण उपलब्धि के लिए सख़्त मेहनत और वचनबद्धता प्रकट करने के लिए अध्यापकों, विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों की सराहना की है, जिसने हरेक पंजाबी का सर गर्व से ऊँचा किया है। उन्होंने कहा, ‘‘यह सचमुच ही सराहनीय है कि भारत सरकार द्वारा करवाए गए सर्वे में राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों में से पंजाब ने सर्वोच्च स्थान हासिल किया है, जिससे स्कूल शिक्षा की कायाकल्प के लिए तय पैमानों को हासिल करने में पंजाब के स्कूलों की शानदार कारगुज़ारी प्रकट होती है।’’ उन्होंने उम्मीद ज़ाहिर की कि राज्य के कोने-कोने में मानक स्कूल शिक्षा मुहैया करवाने के लिए सभी के द्वारा और अधिक उत्साह और शिद्दत के साथ काम किया जाएगा।

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मुख्यमंत्री ने इस उत्कृष्ट उपलब्धि के लिए शिक्षा मंत्री विजय इंदर सिंगला की समर्पित भावना और योग्य नेतृत्व और स्कूल शिक्षा के सचिव कृष्ण कुमार के अहम योगदान की भरपूर सराहना की। कैप्टन अमरिन्दर सिंह ने इस शानदार सफलता हासिल करने के लिए स्कूल शिक्षा विभाग के अधिकारियों, अध्यापन और ग़ैर-अध्यापन मुलाजिमों को भी बधाई दी। उन्होंने कहा कि विद्यार्थियों के लिए मानक शिक्षा यकीनी बनाने के लिए राज्य सरकार के दृढ़ संकल्प के साथ स्कूल शिक्षा के बुनियादी ढांचे को नया रूप दिया गया, जिसके योगदान स्वरूप विभाग ने इस अनूठी उपलब्धि हासिल की।

मुख्यमंत्री ने इस सफलता को बहुत ही सन्तोषजनक और गौरवमयी करार दिया है, क्योंकि पंजाब ने साल 2018-19 में ग्रेड-2 से अपनी रैकिंग में वर्णनयोग्य सुधार किया, जिसके स्वरूप राज्य ने न सिफऱ् साल 2019-20 में ग्रेड-1 हासिल किया, बल्कि पाँच कार्य-क्षेत्र में 1000 अंकों में से 929 अंकों के साथ रैकिंग के दर्जे में सर्वोच्च स्थान के तौर पर उभरा और इन पाँच कार्य-क्षेत्रों में सीखने के नतीजे, पहुँच, बुनियादी ढांचे की सुविधा, समानता और शासन शामिल है, जिनको भारत सरकार द्वारा 70 पैमानों के आधार पर तय किया गया। इसके अलावा साल 2019-20 की रैकिंग में सर्वोच्च पाँच स्थान हासिल करने वालों में चार राज्य/केंद्र शासित प्रदेश चंडीगढ़, तमिलनाडु, केरला, अंडमान और निकोबार द्वीप समूह शामिल हैं।

मुख्यमंत्री ने इस पक्ष का भी जि़क्र किया कि स्कूल शिक्षा विभाग ने स्मार्ट क्लास रूम के प्रयासों के साथ-साथ कोविड-19 महामारी के दौरान विद्यार्थियों को ऑनलाइन कक्षाओं के द्वारा तालीम हासिल करने के योग्य बनाने के लिए स्मार्ट मोबाइल फ़ोन बाँटने समेत अलग हटकर पहलकदमियां की, जिससे विद्यार्थियों की पढ़ाई निरंतर जारी रहनी यकीनी बनाई जा सके। मुख्यमंत्री ने वैश्विक स्तर पर शिक्षा के बदल रहे दौर के अनुकूल गति बनाए रखने के उद्देश्य से भविष्य के प्रयासों के लिए विभाग को हर संभव मदद मुहैया करवाने का भरोसा दिया। जि़क्रयोग्य है कि परफोर्मैंस ग्रेडिंग इंडैक्स की शुरुआत साल 2019 में की गई थी, जिसका उद्देश्य राज्यों/केंद्र शासित प्रदेशों को मानक नतीजे हासिल करने के संदर्भ में शिक्षा क्षेत्र में बेहतरीन व्यवस्थाओं को अमल में लाने के लिए आगे आने का न्योता देना था।

यह भी काबिलेगौर है कि मुल्क में स्कूल शिक्षा के क्षेत्र में पंजाब अन्य राज्यों के लिए मार्गदर्शक बनकर उभरा है, जिसने प्री-प्राईमरी शिक्षा, डिजिटल शिक्षा, नवीनतम अध्यापन कार्य-विधि, अध्यापकों की भर्ती और तबादलों के लिए पारदर्शी नीति को लागू करने की नवीन पहलकदमियों को अमलीजामा पहनाया है।

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