
हमीरपुर (द स्टैलर न्यूज़), रिपोर्ट-रजनीश शर्मा। बमसन क्षेत्र के तहत आने वाली जंगलेड खड्ड (पोहंज स्कूल के पास) में अवैध खनन माफिया इन दिनों पूरी तरह बेखौफ होकर सक्रिय हैं। सरकार द्वारा खनन पर सख्त रोक के आदेश हैं, लेकिन इसके बावजूद यहां प्रतिदिन खुलेआम खनन कार्य जारी है।

स्थानीय ग्रामीणों के अनुसार, खड्ड से हर दिन 15 से 20 टिप्पर और ट्रैक्टर पत्थर व बजरी से भरकर बाहर निकाले जा रहे हैं। इससे सरकार को करोड़ों रुपये के राजस्व का नुकसान हो रहा है, जबकि प्रशासनिक मशीनरी पूरी तरह मौन दिखाई दे रही है।
ग्रामीण रमेश चंद, मंजीत सिंह, राकेश, रूप चंद, शेर सिंह, संजीव, सुभाष चंद, अजय और विजय ने बताया कि ट्रैक्टर ऑपरेटर न केवल खड्डों से बल्कि किसानों की मालकियत भूमि से भी अवैध रूप से खनन कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि इन ऑपरेटरों को राजनीतिक संरक्षण प्राप्त है, जिसके चलते प्रशासन भी कार्रवाई से बच रहा है।
स्थानीय लोगों का कहना है कि इस अवैध खनन से खड्डों का स्तर काफी नीचे चला गया है, जिससे आसपास की कृषि भूमि को नुकसान पहुंच रहा है। इसके साथ ही पर्यावरण पर भी गंभीर असर पड़ रहा है और जल स्तर लगातार घट रहा है। ग्रामीणों ने चेतावनी दी है कि यदि जल्द कार्रवाई नहीं की गई तो आने वाले समय में भूमि कटाव और सूखे जैसी समस्या बढ़ सकती है।
ग्रामीणों ने मुख्यमंत्री और जिला प्रशासन से मांग की है कि अवैध खनन पर तत्काल कड़ा शिकंजा कसा जाए तथा ट्रैक्टर ऑपरेटरों व खनन माफियाओं के खिलाफ सख्त कार्रवाई अमल में लाई जाए। उन्होंने कहा कि यदि प्रशासन ने शीघ्र कदम नहीं उठाए, तो स्थानीय लोग धरना-प्रदर्शन का सहारा लेने को मजबूर होंगे।
ग्रामीणों की एकजुट मांग
“खनन माफियाओं पर कार्रवाई हो, खड्डें सुरक्षित रहें और पर्यावरण को बचाया जाए।












