
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। आम आदमी पार्टी की सरकार जहां प्रदेश में अमन कानून की स्थिति बनाए रखने में नाकामयाब रही है वहीं नगर परिषद एवं नगर निगमों के चुनावों को लेकर भी नौसिखियों जैसा व्यवहार कर रही है। जिसकी ज्वलंत उदाहरण होशियारपुर में पार्षद चुनावों को लेकर की गई वार्डबंदी है। जो पूरी तरह से गलत एवं अस्वीकारणीय है। इसलिए सरकार को चाहिए कि वह पुरानी वार्डबंदी के अनुसार ही पार्षद चुनाव करवाने का पहल करे।

यह बात नगर सुधार ट्रस्ट के पूर्व चेयरमैन एडवोकेट मरवाहा ने आज यहां जारी एक प्रैस विज्ञप्ति में कही। उन्होंने कहा कि पिछली कांग्रेस सरकार के समय में वार्डबंदी का कार्य पूरी तरह से अनुभवी नेताओं एवं हर पहलु को ध्यान में रखकर की गई थी ताकि चुनाव लड़ने वाले उम्मीदवारों एवं आम जनता को किसी तरह की परेशानी का सामना न करना पड़े। लेकिन मौजूदा सरकार के समय में जो नई वार्डबंदी की गई है वह पूरी तरह से गुमराह करने वाली है तथा बीएलओ, मौजूदा पार्षद एवं चुनाव लड़ने के चाहवान उम्मीदवार सभी पूरी तरह से उलझन में पड़े हुए हैं। क्योंकि, वार्डों को इतने गलत ढंग से काटा गया है कि वहां रहने वाले वोटरों को भी पता ही नहीं कि वह किस वार्ड के निवासी हैं।
एडवोकेट मरवाहा ने चुनाव आयोग एवं पंजाब सरकार से अपील की कि आगामी समय में होने वाले पार्षद चुनाव को निष्पक्ष एवं पारदर्शी ढंग से करवाने के लिए पुरानी वार्डबंदी के आधार पर ही चुनाव प्रक्रिया संपन्न करवाने का पहल की जाए।












