
हमीरपुर (द स्टैलर न्यूज़), रजनीश शर्मा। बड़सर कांग्रेस ने चेरिटेबल अस्पताल भोटा के तकनीकी मामले को लेकर भाजपा पर जोरदार हमला बोला है। सुभाष ढटवालिया ने कहा कि पूर्व भाजपा सरकार के समय 12 अक्टूबर 2019 को चेरिटेबल अस्पताल भोटा की जमीन से संबन्धित इस फ़ाइल को रिजेक्ट कर दिया था। उसमें स्पष्ट किया था कि चेरिटेबल अस्पताल प्रशासन जो चाहता है वैसा नहीं हो सकता है। बड़सर कांग्रेस ने कहा कि अब भाजपा के नेता इस मुद्दे को वे वजह अलूल जलूल तूल देकर लोगों को गुमराह करने में लगे हैं। सुभाष ढटवालिया ने बताया कि काँग्रेस सरकार के कार्यकाल में तो 12 सितंबर 2024 को ये मामला पहुंचा था। उसके बाद इसपर फिर से कार्यबाही शुरू हुई। 6 नबम्बर को रिमाइंडर आया उसके बाद सरकार अब इस मामले पर विधानसभा में बिल लाकर इस पर कार्यबाही करगी।मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू ने इस मामले पर एक दिसंबर को मीटिंग भी रखी है।सरकार इस मामले में अमलीजामा पहनाने में गंभीर है।

ढटवालिया ने कहा कि भाजपा के लोगों ने जिस तरीके से इस मामले का राजनीतिकरण किया है बह दुर्भाग्यपूर्ण स्थिति है। जब भाजपा के समय में ये मामला उनके संज्ञान में आया था तब उन्होंने इसे क्यों नहीं सुलझाया था।अब मुख्यमंत्री सुखविंदर सिंह सुक्खू इस पर संजिदा कोशिश में लगे हैं तो भाजपा को दिक्कत क्यों हो रही है। उन्होंने कहा कि ये हस्पताल काँग्रेस के समय मे काँग्रेस के प्रयासों से खुला था।जिस कानूनी प्रक्रिया से अब दुबारा गुजरना पड़ रहा है तो इसमें काँग्रेस सरकार ही लोगों को राहत देगी। सरकार की इस हस्पताल को बंद करने की कोई मन्सा नहीं है। बड़सर काँग्रेस के वरिष्ट नेता सुभाष ढटवालिया, मनजीत सिंह डोगरा, पवन कुमार कालिया, कमल पठानियाँ, संजय शर्मा, विपन ढटवालिया, राजेश बन्याल, नरेश लखनपाल, डैनी जसवाल, निक्का राम, पवन शर्मा आदि भी मौजूद थे।












