
मुकेरियां (द स्टैलर न्यूज़)। अपने आप को किसानों के हितैषी बताने वाली पंजाब की आप सरकार की घटिया कार्य प्रणाली और प्रशासनिक के अधिकारीयों के तानाशाही के चलते किसानों को नुक्सान भुगतना पड़ रहा । जिसकी मिसाल मुकेरियां के गांव नौशहरा पत्तन दाना मंडी में देखने को मिली यहां अपनी धान की फसल की ढेरी लगाकर किसान चेतरंजन सिंह करीब 26 दिनों से अपनी फसल बेचने के लिए दर दर की ठोकरें खा रहा है।

संबंधी जानकारी देते हुए पीड़ित किसान चेतरंजन सिंह पुत्र जसबीर सिंह निवासी तलूवाल तहसील मुकेरियां ने नम आंखों से बताया कि 4 अक्टूबर 2025 को वह अपने धान की फसल को बेचने के लिए शिव शक्ति आढ़त की दुकान नौशहरा पत्तन में करीब 50 क्विंटल धान की फसल बेचने गया। सुबह ढेरी लगाने बाद करीब 10 बजे मार्कफेड के इंस्पेक्टर को माल भरने के लिए कहा क्योंकि आढ़ती सोहन सिंह की माता की मृत्यु होने कारण अपनी मंडी में उपस्थित नहीं था।
लेकिन इंस्पेक्टर ने माल की भराई करने से साफ मना कर दिया। जिस पर उन्होंने आढ़ती सोहन को फोन कर मंडी बुलाया आढ़ती सोहन सिंह ने इंस्पेक्टर मार्केटफेड अरविंद सिंह को भराई करने के लिए कहा इसके बाद इंस्पेक्टर और आढ़ती के बीच बहस हो गई । मौके करीब 8 से 10 किसान उपस्थित थे। उसके बाद जब सवा दो बजे मार्केट कमेटी के इंस्पेक्टरों ने धान की नमी चेक की जो 15.1 आई जिसकी वीडियो उनके पास है । और मार्केट कमेटी के इंस्पेक्टर ने उन्हे आश्वासन दिया कि शाम तक उनके धान की भराई कर दी जाएगी । लेकिन करीब 26 दिनों के समय के बीत जाने के बाद उनके धान की फसल की खरीद नहीं की गई पर मंडी में पड़ा उनका धान खराब चुका है।
किसान तो पहले ही परेशानियों से गुजर रहा है अगर मार्कफेड के अधिकारीयों मनमर्जी और तानाशाही के कारण उनकी फसल का नुकसान हुआ है। इस संबंधी उन्होंने डीएफसी, एसडीएम मुकेरियां, डिप्टी कमिश्नर होशियारपुर और सीएम ऑफिस आदि पर इस संबंधी शिकायतें दर्ज करवाई है जिसका अभी तक कोई निवारण नहीं हुआ अगर सरकार और प्रशासनिक उच्च अधिकारियों ने मार्कफेड के आरोपित अधिकारियों पर बनती करवाई नहीं की तो बह संघर्ष करेंगे जिसकी जिम्मेदारी प्रशासन और सरकार की होगी।
इस संबंधी जब इंस्पेक्टर मार्कफेड अरविंद सिंह से बात की उन्होंने कहा कि किसान चेतरंजन सिंह की शिकायत पर कमेटी का गठन किया जिसमें रिपोर्ट तैयार की गई। और किसान को बार बार फोन किया कि धान की ढेरी की तुलाई करवाले वह नहीं पहुंचा और बाद में ढेरी वहां मंडी में थी नहीं।
इस संबंधी मार्कीट कमेटी के सुपरवाइजर व बिक्रम सिंह को बार बार करीब तीन घंटे फोन किया उन्होंने उठाया नहीं। जिससे यह साबित हो रहा है कि वह ड्यूटी को लेकर कितने स्तरक है। एसडीएम अंकुर महेंद्रू से बात की तो उन्होंने कहा कि मामला मेरे ध्यान में है जिसकी जांच कर कानूनी कार्रवाई की जाएगी।












