
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। पंजाब के वैद्यों को पेश आ रही समस्याओं को लेकर धनवंतरी वैद्य मंडल पंजाब द्वारा एक विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। इस दौरान धनवंतरी वैद्य मंडल के प्रधान वैद्य सुमन कुमार सूद, सरपरस्त पुरषोत्तम शर्मा तथा महिला विंग की प्रधान इंद्रजीत कौर मुख्य वक्ता के तौर पर शामिल हुए। विचार गोष्ठी के दौरान अपने विचार रखते हुए वैद्य सुमन कुमार सूद ने कहा कि पंजाब सरकार को लंबे समय से चली आ रही वैद्यों की समस्याओं को बिना किसी देरी के हल करना चाहिए। उन्होंने कहा कि जो वैद्य दूसरे राज्यों से पंजीकृत है उन्हें पंजाब में माइग्रेट किया जाना चाहिए। इसके अलावा जो लोग 20-20 साल से प्रैक्टिस कर रहे हैं उनको भी प्रदेश में काम करने की इजाजत देनी चाहिए तथा उनकी इनलिस्टमेंट की जानी चाहिए। उन्होंने जोर देकर कहा कि बिना वजह ही कई अधिकारी आयुर्वेद में काम करने वाले चिकित्सकों के पास जाकर उन पर दबाव बनाते हैं जो कि सरासर गलत है। सभी लोग जानते हैं कि आयुर्वेदिक चिकित्सा प्रणाली प्राचीनतम चिकित्सा प्रणाली है। इस प्रणाली द्वारा किया गया इलाज रोग को जड़ से खत्म करता है और फिर पनपने नहीं देता। उन्होंने कहा कि जब भी कोई सरकार आती है अथवा चुनाव आते हैं तो उनकी समस्याओं को हल करने का सभी राजनीतिक दल वादा करते हैं लेकिन सत्ता में आने के बाद उनकी मांगों को पूरी तरह से भुला दिया जाता है। लेकिन इस बार धनवंतरी वैद्य मंडल के सदस्य इस राजनीतिक दल का समर्थन करेंगे जो लिखित में उनकी मांगों को हल करने का आश्वासन देगा। उन्होंने कहा कि चाहे सरकार ने जितने मर्जी क्लीनिंग खोल लिए हो लेकिन आज भी हर गांव मोहल्ले में आयुर्वेदिक चिकित्सा प्रणाली में काम करने वाले वैद्य हकीम ही लोगों को उनके घरों के पास स्वास्थ्य सुविधाएं देते हैं। यह लोग बिना किसी लालच अथवा स्वार्थ के 24 घंटे लोगों की सेवा के लिए उपलब्ध रहते हैं। चाहे आज की मेडिकल साइंस ने कितनी भी तरक्की क्यों न कर ली हो लेकिन फिर भी आयुर्वेद का कोई मुकाबला नहीं है। उन्होंने कहा कि धन्वंतरी वैद्य मंडल हर साल करवाए जाने वाले प्रदेश स्तरीय सम्मेलन में सरकार में बैठे विधायकों तथा मंत्रियों को अपनी समस्याओं के बारे में ज्ञापन देते रहे हैं लेकिन न जाने क्यों अभी तक वह लोग समस्या तो क्या हाल करनी है उनकी एक बैठक तक नहीं करवा सके। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने यह मामला हल करना है तो वह विधानसभा में बिल लाकर उसे पास करवाए।

इस मौके पर मंडल के सरपरस्त पुरुषोत्तम शर्मा ने कहा कि आज के दौर में आयुर्वेदिक चिकित्सा से संबंधित जड़ी बूटियां लगभग पूरी तरह से विलुप्त हो रही है इनको बचाने के लिए पंजाब सरकार को आगे आना चाहिए क्योंकि अगर जड़ी बूटियां ही समाप्त हो गई तो फिर इलाज किस से किया जाएगा। उन्होंने कहा कि वैद्य लोग जंगलों में जाकर अपनी जान की परवाह न करते हुए जड़ी बूटियां को तलाश कर लाते हैं ताकि लोगों को उनकी बीमारियों से निजात दिलाई जा सके। ऐसे में सरकार का फर्ज बनता है कि वह हर जिले अथवा तहसील लेवल पर कुछ जमीन वहां काम करने वाले वैद्यों को उपलब्ध करवा एन ताकि वह वहां पर जड़ी बूटियां को उगाकर उनका संरक्षण कर सके। उन्होंने कहा कि जड़ी बूटियां की शक्ति के बारे में हर कोई जानता है एक संजीवनी बूटी ने मूर्छित पड़े लक्ष्मण को भी फिर से खड़ा कर दिया था। धनवंतरी वैद्य मंडल हर साल जड़ी बूटियां की प्रदर्शनी लगता है ताकि युवा पीढ़ी को भी जड़ी बूटियां के बारे में पर्याप्त जानकारी मिल सके।
गोष्टी के दौरान अपने विचार प्रकट करते हुए महिला विंग की प्रधान इंद्रजीत कौर ने कहां कि सरकार को हर जिले में आयुर्वेदिक अस्पताल भी खोलना चाहिए आज भी बहुत से लोग आयुर्वेद चिकित्सा प्रणाली से इलाज करवाना चाहते हैं। कुछ दवाइयां ऐसी भी होती है जो किसी विशेषज्ञ की निगरानी में ही दी जा सकती है। उन्होंने कहा की आयुर्वेदिक चिकित्सा प्रणाली का इलाज लंबा तो जरूर हो सकता है लेकिन इस से रोक के निदान की शत प्रतिशत गारंटी होती है।कोई भी संस्था हो चाहे किसी भी लेवल पर काम करती हो बिना पैसे के नहीं चलाई जा सकती। लेकिन न जाने क्यों सरकार के मंत्री तथा विधायक आयुर्वेद में काम करने वाली संस्थाओं को अनुदान देने में गुरेज करते हैं। उन्होंने कहा कि धनवंतरी वैद्य मंडल होशियारपुर के श्री रघुनाथ मंदिर में निशुल्क आयुर्वेदिक डिस्पेंसरी चलता है। जिसके लिए कभी भी सरकार से अनुदान नहीं मिला मंडल के सदस्यों को ही आपस में योगदान करके तथा समाज सेवकों से मिलने वाले चंदा से इसे चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि जब तक आयुर्वेद का प्रसार तथा प्रचार नहीं किया जाएगा तब तक लोगों को इसका लाभ नहीं मिल सकेगा। जब भी कहीं सरकारी कार्यक्रम आयोजित किया जाए वहां पर आयुर्वेद से संबंधित भी बूथ लगाई जाए ताकि लोगों को आयुर्वेद के लाभ संबंधी जानकारी मिल सके क्योंकि इस प्रणाली से किया जाने वाला इलाज महंगा भी नहीं होता तथा आम लोगों की पहुंच में होता है। इस मौके पर वैद्य।गुरमेज राम बंगा, शमशेर सिंह अमृतसर,अशोक बोहरा लुधियाना,परमजीत सिंह फगवाड़ा,हाजिंदर वर्क।फगवाड़ा,इकबाल सिंह,चमन लाल आदि भी मौजूद थे।फोटो कैप्शन: अपने विचार प्रकट करते वैद्य सुमन सूद ,पुरषोत्तम शर्मा व इंद्रजीत कौर।












