
गढ़शंकर (द स्टैलर न्यूज़)। किसानों के इस अंदोलन में पंजाब सहित अन्य प्रदेशों के खिलाड़ी लगातार कड़ी मिहनत कर राष्ट्रीय व अंतरराष्ट्रीय स्त्तर पर नाम कमाने के बाद जीते मैडल वापिस लगातार कर रहे है। यह शब्द स्वतंत्रता संग्रामियों के वारिस अंतर्राष्ट्रीय रैसलर हरपाल सिंह हरपुरा ने कहे। उन्होंने कहा कि देश के खिलाड़ी किसानों की मांग तीनों कृषि कानून रद्द करने और बिजली बिल 2020 संशोधन व पराली जलाने के आर्डीनैंस के वापिस लेने के मांग के साथ खड़े है।

उन्होंने कहा कि जब खिलाड़ी गत दिनों मैडल वापिस करने राष्ट्रपति भवन जा रहे थे तो पहले पुलिस ने प्रैस कांफ्रैंस करने से रोकने की कोशिश की फिर राष्ट्रपति भवन जाने से रोका गया। इससे ज्यादा गुंडागर्दी क्या हो सकती है। उन्होंने कहा कि जिस तरह केंद्र सरकार किसानों के 15 दिन से सडक़ों पर बैठे होने के बावजूद किसानों की मांगों प्रति घुमा फिरा कर बातें कर मागों को मानने में टालमटोल कर रही है। उससे किसानों में किसान सर्मथक हर वर्ग में गुस्सा बढ़ता जा रहा है। उन्होंने कहा कि अगर केंद्र सरकार ने शीघ्र बातें ना मानी तो हम सभी किसान युनियन के निर्देशों मुताबिक हर तरह से किसान अंदोलन में शामिल रहेगें।
उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार के मंत्री कह रहे है कि किसानों के फायदों के लिए कानून है और किसान इन फायदे के कानून चाहते नहीं। फिर यह कौन सा तरीका है कि सरकार कानून वापिस लेने में देरी कर रही है। उन्होंने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की पूरी टीम सिर्फ कार्पोरेट घरानों को फायदा पहुंचाने के लिए दिन रात काम करने में लगी है। जिसके चलते यह किसान विरोधी काले कृषि कानून बनाए गए और वह राज्य सभा जैसी संवैधानिक संस्थाओं में नियमों की धज्जियां उड़ाते हुए।












