
हमीरपुर (द स्टैलर न्यूज़), रजनीश शर्मा । हमीरपुर विधानसभा क्षेत्र में भाजपा प्रत्याशी आशीष शर्मा के नामांकन के बाद टिकट के दावेदारों ठोकने वाले अन्य दावेदारों के तेवर भी नरम पड़ गए हैं। इससे निर्दलीय उम्मीदवार के रूप में 2022 का चुनाव जीत अब उपचुनाव में भाजपा प्रत्याशी आशीष शर्मा को भारी राहत मिली है। शुरू में विरोध के बाद भाजपा के बड़े पदाधिकारियों द्वारा स्थिति संभाले जाने पर भाजपा में धीरे धीरे विरोध के स्वर भी दब गए हैं।

वीना कपिल और उषा बिरला ने मांगा था टिकट
भाजपा नेत्री और पूर्व जिला परिषद सदस्य वीना कपिल ने हमीरपुर उपचुनाव में पार्टी का टिकट मांगा था। उनका कहना था कि टिकट भाजपा के पुराने कार्यकर्ता को ही मिले। अब जब आशीष शर्मा का टिकट फाइनल होने के बाद आशीष ने नामांकन भी भर दिया तो वीना कपिल भी भाजपा की जीत को सुनिश्चित करने के लिए फील्ड में उतर गई है। उन्होंने कहा कि टिकट की दावेदारी हर कार्यकर्ता कर सकता है लेकिन प्रत्याशी का टिकट फाइनल होने के बाद उसे जीत के लिए काम करना चाहिए। उधर दाडूही पंचायत प्रधान उषा बिरला भी भाजपा प्रत्याशी आशीष शर्मा के लिए काम करने को तैयार है। उषा बिरला ने भी टिकट की दावेदारी की थी।
सोहारू से मिले रणधीर, त्रिलोक और बिहारी
जिला भाजपा उपाध्यक्ष विजय पाल सोहारू ने तो समर्थकों के दबाव के बाद टिकट न मिलने पर आजाद चुनाव लडने तक की बात कर दी थी। इसके बाद भाजपा के बड़े नेता रणधीर शर्मा, त्रिलोक जमवाल , बिहारी लाल शर्मा और दलीप ठाकुर विजय पाल सोहारू से मिले। उनसे बैठकर विभिन्न मुद्दों पर बातचीत कर भाजपा नेताओं द्वारा उन्हें पार्टी हित में निर्दलीय चुनाव न लडने की सहमति बना ली गई। उधर विजय पाल सोहारू का कहना है कि अब भी उन पर समर्थकों का भारी दबाव है। अभी भी 21 जून तक समर्थकों का फाइनल डिसीजन आना बाकी है। फिलहाल वह भाजपा में ही हैं।












