
मणिपुर (द स्टैलर न्यूज़)। मणिपुर में एक बार फिर हिंसा भड़क गई है, मणिपुर के जिरिबाम में अलग-अलग दो घटनाओं में 5 लोगों की मौत होने के समाचार प्राप्त हुआ है। पुलिस ने बताया कि एक व्यक्ति को सोते हुए गोली मारी गई। इसके बाद चार अन्य लोग आपसी गोलीबारी में मारे गए। पहली घटना जिरिबाम के जिला हेडक्वार्टर से करीब सात किलोमीटर दूर हुई। बुजुर्ग मृतक की पहचान कुलेंद्र सिंघा के रूप में हुई। वह घर में अकेले रहते थे और उन्हे संदिग्ध पहाड़ी उग्रवादियों ने घर में घुसकर सोते समय गोली मार दी। दूसरी घटना कुकी और मैतेई समुदायों के बीच फायरिंग हुई, गोलीबारी में 4 लोगों की मौत हो गई। जानकारी देते पुलिस ने बताया कि सुबह से गोलीबारी की खबरें सुनकर राज्य में तनाव देखने को मिल रहा था। इस कारण प्रशासन ने सभी स्कूलों-कॉलेजों को बंद करवा दिया। वहीं इंफाल में सुबह से सभी दुकानें बंद हैं। हिंसा को देखते हुए सड़कें और बाजार सुनसान पड़े हैं। इंफाल वेस्ट और इंफाल ईस्ट में बीती रात भीड़ ने मणिपुर राइफल्स हेडक्वार्टर पर हमला कर दिया। गुस्साई भीड़ सुरक्षाबलों से हथियार लूटना चाहती थी।

पुलिस ने सीआरपीएफ जवानों के साथ मिलकर जवाबी कार्रवाई की। उन्होंने पैलेट गन से कई राउंड फायरिंग की। मॉक बम और आंसू गैस के गोले भी दागे। सुरक्षाबलों और भीड़ के बीच रातभर संघर्ष चला। 5 लोगों के घायल होने की खबर है। उन्हें अस्पताल में भर्ती कराया गया है। अभी तक हथियार या गोला-बारूद लूटे जाने की कोई पुष्टि नहीं हुई है। हालांकि, दोनों जगहों पर हिंसा में मृतकों और घायलों की संख्या बढ़ सकती है। बता दें कि मणिपुर में एक सप्ताह में यह चौथी घटना है। 1 सितंबर से अब तक, 7 दिनों के भीतर हिंसा की 4 बड़ी घटनाएं हुई हैं। 7 सितंबर की घटना को छोड़ दें तो अन्य तीन घटनाओं में 3 लोगों की मौत और 12 घायल हुए हैं। मणिपुर में पिछले साल मई 2023 से हिंसा जारी है। हिंसा में अब तक 200 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है और हजारों लोग बेघर हुए हैं। शुक्रवार रात को बिष्णुपुर और इंफाल पूर्वी जिलों में रात के समय ड्रोन्स देखे जाने के बाद लोग दहशत में आ गए। इसके बाद लोगों ने अपने-अपने घरों की लाइटें बंद कर दीं। पुलिस ने बताया कि बिष्णुपुर जिले के नारायणसेना, नाम्बोल कामोंग और इंफाल पूर्व के पुखाओ, दोलाईथाबी, शांतिपुर इलाकों में ड्रोन्स उड़ते देखे गए।











