
जम्मू-कश्मीर (द स्टैलर न्यूज़)। जम्मू-कश्मीर के गांदरवाल जिले में इफ्को कंपनी के मजदूरों पर आतंकवादियों का हमला बहुत शर्मनाक और कायरतापूर्ण कार्यवाही है। गैर कश्मीरी होने के कारण सात मजदूर मार दिए गए। कश्मीर के आतंकवादी यह नहीं समझ पाते कि ये जो श्रमिक काम कर रहे हैं यह कश्मीर के भले के लिए वहां के लोगों की उन्नति के लिए ही कर रहे हैं। अब वहां चुनी हुई सरकार है। केवल अफसोस प्रकट करके या चिंता प्रकट करके अपने कर्तव्य से विमुख नहीं हो सकते।

नितिन गडकरी जी ने भी इसके लिए दुख अफसोस प्रकट किया है, पर मुझे ऐसा लगता है कि अब केवल दुख अफसोस प्रकट करने का समय नहीं। जिस आतंकवादी संगठन ने इसकी जिम्मेवारी ली है उसका सफाया करके लशकर के आतंकवादियों को सात के बदले सत्तर मारकर ही यह चिंता या अफसोस किया जा सकता है। भारत सरकार और कश्मीर सरकार इन श्रमिकों के परिवारों को जीवन भर के लिए संरक्षण दे। इनके परिवारों की रोजी रोटी और शिक्षा का दायित्व संभाले।











