
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं विधायक ब्रह्म शंकर जिंपा ने आज जिले में आयोजित जिला स्तरीय प्राइमरी खेल प्रतियोगिता का विधिवत शुभारंभ किया। इस आयोजन में जिले के विभिन्न स्कूलों से आए सैकड़ो छात्रों ने हिस्सा लिया, जिससे पूरे खेल परिसर में जोश और उत्साह का माहौल बना रहा। खेलों का उद्घाटन करते हुए ब्रह्म शंकर जिंपा ने खिलाड़ियों का मनोबल बढ़ाया और उन्हें खेल भावना के महत्व को समझाया। उन्होंने अपने संबोधन में कहा, खेल सिर्फ जीत-हार तक सीमित नहीं होते, बल्कि यह जीवन में अनुशासन, टीम वर्क और संघर्ष की भावना को मजबूत करते हैं। खेलों के माध्यम से न केवल शारीरिक स्वास्थ्य बेहतर होता है, बल्कि मानसिक संतुलन भी बना रहता है। इस मौके पर जिंपा ने खिलाड़ियों से आग्रह किया कि वे हर खेल को अपनी पूरी मेहनत और लगन के साथ खेलें और हार-जीत की परवाह किए बिना खेल भावना को प्राथमिकता दें। उन्होंने कहा कि खेलों के जरिए बच्चों में आत्मविश्वास का विकास होता है, जो आगे चलकर उनके जीवन के हर क्षेत्र में काम आता है।

प्रतियोगिता में एथलेटिक्स 100 मी, 200 मीटर, 400 मी, रिले दौड़ जैसी विभिन्न खेलों का आयोजन किया गया, जिसमें प्राइमरी स्तर के छात्रों ने अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया। उद्घाटन समारोह के दौरान जिंपा ने सभी खिलाड़ियों को शुभकामनाएं दीं और कहा कि इस तरह के आयोजन ग्रामीण एवं शहरी क्षेत्रों के प्रतिभाशाली बच्चों को आगे बढ़ने का बेहतरीन अवसर प्रदान करते हैं। समारोह के अंत में खिलाड़ियों को पुरस्कारों के साथ प्रमाण पत्र भी वितरित किए गए।
इस मौके पर सुरिंदर कुमार शिंदा मेयर होशियारपुर, जिला शिक्षा अधिकारी एलीमेंट्री शिक्षा हरजिंदर सिंह, उप जिला शिक्षा अधिकारी सुखविंदर सिंह होशियारपुर जगजीत सिंह सिंह जिला खेल कोऑर्डिनेटर होशियारपुर, जसविन्दर पाल बंसलबीपीईओ होशियारपुर 2ए, चरणजीत सिंह सिधू बीपीईओ होशियारपुर-1बी राज कुमार बीपीईओ बुलोवाल, सुरती लाल बीपीईओ टांडा-1रमन कुमार ऐरी मुख्य अध्यापक सास महमोवाल होशियारपुर 2ए, शिक्षाविद चन्द्र प्रकाश सैनी, ओंकार सिंह सुस, रजनीश कुमार गुलियानी, मनजीत सिंह लल्लियाँ, गुरमेल संधल, राजेश शर्मा, दविंदर कौर, मैडम शिवानी स्कूल प्रबंधक, शिक्षक, अभिभावक और स्थानीय गणमान्य लोग भी उपस्थित रहे, जिन्होंने बच्चों का उत्साहवर्धन किया।जिला स्तरीय प्राइमरी खेलों के इस आयोजन ने न केवल खिलाड़ियों के अंदर खेल के प्रति जुनून बढ़ाया, बल्कि समाज में स्वस्थ प्रतिस्पर्धा और खेल संस्कृति को प्रोत्साहन देने का संदेश भी दिया।












