
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़): पंजाब स्टेट काउंसिल फॉर साइंस एंड टेक्नोलॉजी तथा जिला शिक्षा अधिकारी सेकेंडरी मैडम ललिता अरोड़ा के मार्गदर्शन में वातावरण शिक्षा के तहत अरनियाला शाहपुर में लगाया गया तीन दिवसीय नेचर कैंप आज अमिट यादें छोड़ता हुआ संपन्न हो गया। जिला कोऑर्डिनेटर अशोक कालिया के देख रेख में लगाए गए इस कैंप में पांच सरकारी स्कूलों के 50बच्चों ने भाग लिया।

इस दौरान ब्लॉक कोऑर्डिनेटर राजीव शर्मा,जगजीत सिंह हरदीप कुमार अमनदीप सिंह व लवजिंदर सिंह ने रिसोर्स पर्सन के तौर पर बच्चों को महत्वपूर्ण जानकारी दी तथा उन्हें कुदरत के साथ जुड़ कर रहने का अनुरोध किया। प्राकृतिक शिक्षा माहिर डॉक्टर अमनदीप ने कहा कि कुदरत की अगर हम ने सम्भल न की है तो हमारे पास फिर पश्चताने के सिवाय कुछ नहीं बचेगा। उन्होंने कहा कि कुदरत हमें कुछ देती ही है। इस का संतुलन बिगड़ना नहीं चाहिए। उन्होंने बच्चों से कुदरत के प्रत्येक जीव जंतु के बारे में पूरी जानकारी रखने को कहा। उन्होंने कहा कि जीव जंतु मानव के मित्र है। जिस प्रकार हम अपने आसपास के क्षेत्र को सुरक्षित रखना चाहते हैं उसी प्रकार वह भी सुरक्षा की भावना चाहते हैं। इस मौके लेक्चरर संदीप सूद ने कहा कि कुदरती स्रोतों को खराब नहीं करना चाहिए। हम किसी भी तरीके से पानी नहीं बना सकते। अगर पानी की संभाल न की गई तो धरती पर जीवन मुश्किल हो जाएगा।
उन्होंने कहा कि कैंप के दौरान बच्चों को जंगली जानवरों के पैरों के निशान से उनकी पहचान करने की बिधि भी बताई है। बहुत से बच्चे ग्रामीण क्षेत्र से आते हैं इसलिए उनके लिए यह जानकारी लाभदायक सिद्ध हो सकती है। कॉर्डिनेटर अशोक कालिया ने कैंप में भाग लेने बालों का आभार व्यक्त करते कहा कि बच्चे इस में दी गई जानकारी का लाभ उठाएंगे। उन्होंने कहा कि नेचर कैंप में कुदरत को अनुभव करने का तरीका आगे भी उनको हमेशा याद रहेगा। अंत में बच्चों को सर्टिफिकेट दे कर सम्मानित किया गया।












