
चंडीगढ़, (द स्टैलर न्यूज़)। मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में राजस्व विभाग ने साल 2022 के दौरान कई लोक हितैषी सुविधाएं शुरू की हैं। अब पंजाब निवासियों को पारदर्शी, परेशानी मुक्त और भ्रष्टाचार मुक्त सेवाएं मिल रही हैं। इससे पहले राजस्व विभाग के काम करने के तरीकों से आम लोग बहुत दुखी थे, परन्तु जब से मुख्यमंत्री भगवंत मान ने राज्य की सेवा संभाली है तब से लोगों को सुचारू और बढिय़ा सेवाएं मिल रही हैं।
राजस्व मंत्री ब्रम शंकर जिम्पा ने बताया कि साल 2022 राजस्व विभाग के लिए क्रांतिकारी वर्ष के तौर पर याद किया जायेगा, क्योंकि ऐसी बहुत सी पहलें मान सरकार के हिस्से आई हैं, जिसके स्वरूप आम लोगों ने राहत की साँस ली है। इस साल पंजाब सरकार ने घरेलू तक्सीम करने की प्रक्रिया को असरदार और प्रभावी बनाने के लिए एक वेबसाईट शुरू की। इससे सीमा रेखा करवानी सुविधाजनक हो गई है। इससे ज़मीन की खरीद-फऱोख़्त में आसानी होगी। अलग खाते होने से आपसी झगड़ों में कमी आयेगी। फसलों के खराबे का मुआवज़ा लेना आसान होगा। इसके अलावा जमाबन्दी की नकल सरलता से प्राप्त की जा सकती है। हिस्सेदारों के नाम दर्ज रहने से अदालतों के हुक्मों से निजात मिलेगा।
राजस्व मंत्री ने बताया कि स्टैंप पेपरों की खरीद को सरल बनाने के लिए ई-स्टैंप पेपर की सुविधा शुरू की गई है। इसके अंतर्गत अब हर कीमत के स्टैंप पेपर जारी किए जा रहे हैं। पंजाब के 7520 गाँवों के नक्शों और कुल 46,861 मुसावी शीटों को डिजीटाईज़्ड किया जा चुका है। उन्होंने बताया कि राजस्व विभाग के काम को और अधिक सुचारू और चुस्त करने के मकसद से 1090 नए पटवारियों की भर्ती मुकम्मल की गई, जबकि मंत्री मंडल द्वारा पटवारियों की 710 अन्य नए पद भरने की मंजूरी दी गई है।
जिम्पा ने बताया कि मुख्यमंत्री भगवंत मान के नेतृत्व में पंजाब सरकार ने एक और बड़ी उपलब्धि दर्ज की है। ज़मीन-जायदाद की रजिस्टरियों से पंजाब सरकार के खजाने में अप्रैल से नवंबर महीने तक पिछले साल के मुकाबले 21 प्रतिशत ज़्यादा पैसा आया है। उन्होंने बताया कि स्टैंप और रजिस्ट्रेशन के अधीन एक अप्रैल से 30 नवंबर 2022 तक खजाने में 2525.72 करोड़ रुपए की आमदन हुई है। उन्होंने कहा कि पिछले साल के इन आठ महीनों की अपेक्षा यह आमदन 21 प्रतिशत ज़्यादा बनती है। साल 2021 में इस समय के दौरान यह आमदन 2088.60 करोड़ रुपए थी। उन्होंने कहा कि राजस्व विभाग के काम को भ्रष्टाचार मुक्त करने के लिए मान सरकार पहले दिन से ही सार्थक प्रयास कर रही है। अपनी ही सरकार के एक मंत्री से लेकर पिछली सरकारों में भ्रष्टाचारी तरीकों के द्वारा पंजाब को लूटने वाले राजनीतिज्ञों और अफसरों का पर्दाफाश करने का नतीजा यह निकला है कि जो अफ़सर और कर्मचारी लोगों को लूटते थे, वह अब लोक सेवा को पहल देने लगे हैं।

जिम्पा ने पंजाब निवासियों से अपील की कि राजस्व विभाग से सम्बन्धित किसी भी काम को कराने के लिए किसी भी अफ़सर या कर्मचारी को रिश्वत न दी जाए और यदि कोई रिश्वत माँगता है तो इसकी रिपोर्ट तुरंत की जाए। उन्होंने कहा कि भ्रष्ट अफसरों और कर्मचारियों को किसी भी कीमत पर बख्शा नहीं जायेगा। उन्होंने कहा कि साल 2023 में पंजाब को तरक्की की बुलन्दियों पर ले जाने के लिए मान सरकार पूरी तरह से प्रतिबद्ध और वचनबद्ध है।












