
मन्ना हत्याकांड में पुलिस ने दो आरोपी गिरफ्तार किए, अन्य की तलाश जारी
होशियारपुर। गत दिवस 21 मई शनिवार को स्वामी सर्वानंद गिरि पंजाब यूनिवर्सिटी रीजनल सैंटर बजवाड़ा ऊना रोड के बाहर एक लॉ स्टूडैंट मनप्रीत सिंह उर्फ मन्ना की हत्या के मामले को सुलझाते हुए पुलिस ने दो भाईयों को गिरफ्तार किया है तथा पुलिस को पूछताछ में अभी और भी खुलासे होने की उम्मीद है। इस संबंधी एस.एस.पी. कुलदीप सिंह चाहल ने बताया कि पिछले कल होशियारपुर-चंडीगढ़ मार्ग पर पुलिस पार्टी ने नाका लगाया हुआ था। इसी दौरान एक वरना गाड़ी को चैकिंग के लिए रोका गया। गाड़ी में दो युवक सवार थे। पुलिस ने जब पूछताछ की तो पता चला कि गाड़ी में सवाल दोनों युवक तरनतारन से संबंधित थे और उन्होंने अपना नाम करण कुमार व रवि कुमार बताया। रिश्ते में दोनों सगे भाई हैं। पुलिस को उनकी बातों पर कुछ शक हुआ तथा जब कार की तलाशी ली गई तो कार से 1020 ग्राम नशीला पाउडर, एक विदेशी 32 बोर की पिस्तौल, 2 मैगजीन व 6 जिंदा गोलियां तथा 10 हजार रुपये बरामद किए। एस.एस.पी. ने बताया कि पुलिस ने युवकों के विरुद्ध एन.डी.पी. एक्ट के अंतर्गत विभिन्न धाराओं के तहत मामला दर्ज कर लिया था। उन्होंने बताया कि पूछताछ दौरान युवकों ने बताया कि वे नशीले पाउडर की सप्लाई काला निवासी फलाही को देने क लिए आए थे। पिछले दिनों काले ने कुछ और लोगों को भी अपने पास बुलाया हुआ था तथा काले के कहने पर ही हमने तीन गाडिय़ों में सवार होकर स्वामी सर्वानंद गिरि कालेज के बाहर मनप्रीत मन्ना जोकि परीक्षा देकर बाहर निकला था के साथ मारपीट की तथा फायर भी किए। जिसके बाद उसकी मौत हो गई थी। एस.एस.पी. ने बताया कि मन्ना हत्याकांड केस में इन पर धारा 302 के तहत मामला दर्ज किया कर लिया है। इन्हें अदालत में पेश किया जाएगा तथा पुलिस रिमांड लेकर इनसे और पूछताछ की जाएगी ताकि और वारदातों व घटनाओं की जानकारी मिल सके। इस दौरान पत्रकारों ने जब कथित आरोपियों से बात की तो करण व रवि ने कहा कि उनका मन्ना के साथ कोई झगड़ा नहीं था और न ही वे उसे जानते थे। वे तो काला फलाही वाले के कहने पर वारदात को अंजाम देने गए थे।

अमृतसर जेल से बिन्नी गुज्जर के इशारे पर पेशेवर हत्यारों ने दिया घटना को अंजाम
पुलिस जांच में यह बात सामने आ रही है कि मन्ना हत्यांकांड की साजिश अमृतसर जेल में बंद बिन्नी गुज्जर ने रची थी और झगड़ा प्रधानगी को लेकर था। पुलिस द्वारा विन्नी गुज्जर को प्रोडक्शन वारंट पर लाने की बात कही जा रही है ताकि मामले में शामिल सभी आरोपियों को पकड़ा जा सके। पुलिस ने बताया कि प्रधानगी को लेकर इनका रयात बाहरा में कुछ समय पहले झगड़ा भी हुआ था तथा उसी रंजिश के चलते विन्नी गुज्जर ने यह साजिश रची। हत्याकांड के मास्टर माइंड विन्नी गुज्जर ने जेल में बैठे ही सारा प्लान तैयार किया और कुछ पेशेवर अपराधियों को हायर कर मन्ना की हत्या करवाई। उसने तरनतारन के करण एवं उसके भाई रवि को इसमें शामिल किया तथा काला फलाही के माध्यम से और साथियों के साथ मन्ना की कालेज में रेकी करवाई और उसके परीक्षा देने के बाद कालेज से निकलने पर उसकी हत्या कर दी। बिन्नी गुज्जर एक कत्ल केस में अमृतसर जेल में बंद है। पुलिस ने वारदात में प्रयोग की गाड़ी को सी.सी.टी.वी. के माध्यम से सर्च किया तथा पुलिस की यह योजना कारगर साबित हुई और वे आरोपियों तक पहुंचने में कामयाब हुई। पुलिस का कहना है कि हत्याकांड में शामिल सभी आरोपियों पर पहले ही कई अपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस द्वारा कालेज से रेकी करने में मदद करने वाले की भी पहचान की जा रही है।









