
दिल्ली (द स्टैलर न्यूज़)। एलओसी पर घुसपैठ करने की साजिश रच रहे आतंकियों को खदेड़ने वाले अग्निवीर कुलबीर सिंह को थलसेना दिवस के मौके पर वीरता मेडल से सम्मानित किया गया। सिख लाइट इन्फेंट्री (सिखलाई) से ताल्लुक रखने वाले कुलबीर सिंह, देश के पहले अग्निवीर है, जिन्हें वीरता मेडल से नवाजा गया है. सेना दिवस की पूर्व संध्या पर जयपुर में आयोजित अलंकरण समारोह में थलसेना प्रमुख जनरल उपेंद्र द्विवेदी ने अग्निवीर कुलबीर सिंह को सेना मेडल (वीरता) से सम्मानित किया। थलसेना अपना 78वां स्थापना दिवस मना रही है। इस वर्ष थलसेना दिवस से जुड़ी समारोह और सैन्य परेड को राजस्थान की राजधानी जयपुर में आयोजित किया गया है।

जानकारी के मुताबिक, जनवरी 2025 में अग्निवीर कुलबीर सिंह, भारतीय सेना की एक अग्रिम चौकी की सुरक्षा में तैनात थे। उसी दौरान, नियंत्रण रेखा (एलओसी) पर आतंकियों ने घुसपैठ करने की कोशिश की थी। कुलबीर सिंह ने बेहद बहादुरी और सूझबूझ से अपनी लाइट मशीन गन (एलएमजी) से आतंकियों पर जबरदस्त फायरिंग की। गोलियों की बौछार से आतंकी, पाकिस्तानी सीमा में भाग खड़े हो गए। थलसेना प्रमुख ने अग्निवीर कुलबीर सिंह समेत कुल 10 सैनिकों को उत्कृष्ट बहादुरी के लिए सेना मेडल (वीरता) से सम्मानित किया।












