
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। जिला राजस्व अधिकारी एवं सक्षम प्राधिकारी (भूमि अधिग्रहण) अमनदीप चावला ने बताया कि भारतीय राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) द्वारा होशियारपुर-ऊना राष्ट्रीय राजमार्ग-503ए (पैकेज-4) अप टू पंजाब बॉर्डर सहित बाईपास तथा फगवाड़ा-होशियारपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-344बी के लिए अधिग्रहित भूमि के पात्र ज़मीन मालिकों को मुआवजा प्रदान करने की प्रक्रिया जारी है।

उन्होंने बताया कि एनएच-503ए परियोजना के तहत तहसील होशियारपुर के 22 गांवों अज्जोवाल, ब्रह्मजीत, बसी नौ, डगाना खुर्द, डगाना कलां, सज्जण, हरदोखानपुर, आदमवाल, कक्कों, खाखली, नंदन, बसी गुलाम हुसैन, बसी पुरानी, खड़का, चक्क हरनौली, पटियाड़ी, जहानखेलां, महिलांवाली, बसी मुस्तफा, बजवाड़ा, कोटला गौंसपुर तथा किला बरून की भूमि का अधिग्रहण राष्ट्रीय राजमार्ग अधिनियम, 1956 की धारा 3(डी) के तहत किया जा चुका है तथा यह भूमि भारत सरकार के नाम हस्तांतरित हो चुकी है।
इसी प्रकार फगवाड़ा-होशियारपुर राष्ट्रीय राजमार्ग-344बी परियोजना के तहत मेहटियाना, खनौड़ा, अहीराणा, तनूली, मरनाइयां कलां, अत्तोवाल, साहरी, काहरी, बसी दौलत खां, मड़ूली ब्राह्मणा, कायमपुर, अटलगढ़, पुरहीरां, ढोलणवाल, शेरगढ़, छावनी कलां, अम्मोवाल, किला बरून, नंगल शहीदां, बिलासपुर तथा बजवाड़ा गांवों की भूमि अधिग्रहित की जा चुकी है।
अमनदीप चावला ने बताया कि प्रभावित ज़मीन मालिकों को मुआवजा देने के लिए पूर्व में विभिन्न समाचार पत्रों के माध्यम से सार्वजनिक नोटिस जारी किए गए थे तथा एनएच-344बी परियोजना के लिए विशेष कैंप भी लगाए गए थे। इसके बावजूद कई प्रभावित भूमि मालिकों द्वारा अभी तक आवश्यक दस्तावेजों सहित अपनी फाइलें कार्यालय में जमा नहीं करवाई गई हैं।
उन्होंने संबंधित सभी पात्र ज़मीन मालिकों से अपील की है कि वे 30 जून 2026 तक अपनी आवेदन फाइलें और आवश्यक दस्तावेज कमरा नंबर 309, राष्ट्रीय राजमार्ग विंग, तीसरी मंजिल, डिप्टी कमिश्नर कार्यालय, होशियारपुर में जमा करवाना सुनिश्चित करें, ताकि उन्हें सरकारी नियमों के अनुसार देय मुआवजा प्रदान किया जा सके।
जिला राजस्व अधिकारी ने स्पष्ट किया कि निर्धारित समय सीमा के भीतर आवेदन प्राप्त न होने की स्थिति में संबंधित लाभार्थियों की अनक्लेम्ड राशि सरकारी खजाने में जमा करवा दी जाएगी, जिसके उपरांत इस कार्यालय द्वारा भुगतान किया जाना संभव नहीं होगा तथा इस संबंध में किसी प्रकार की आपत्ति स्वीकार नहीं की जाएगी।











