
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। गवर्नमेंट टीचर्स यूनियन पंजाब ने शिक्षा विभाग द्वारा चलाई जा रही शिक्षक तबादला प्रक्रिया-2026 के दौरान पोर्टल को बार-बार बिना उचित सूचना के खोलने और बंद करने के तरीके पर गंभीर चिंता व्यक्त की है।इस अवसर पर बोलते हुए यूनियन के जिला होशियारपुर के प्रधान प्रितपाल सिंह चौटाला और जिला महासचिव जसवीर तलवाड़ा ने कहा कि इस कारण हजारों शिक्षक तबादला प्रक्रिया के लाभ से वंचित रह रहे हैं और पूरी प्रक्रिया की पारदर्शिता पर भी सवाल खड़े हो रहे हैं।उन्होंने कहा कि तबादला प्रक्रिया की शुरुआत में विभाग द्वारा विधिवत नोटिस जारी कर शिक्षकों को आवेदन करने का अवसर दिया गया था। उस समय दो वर्ष से कम अवधि तक किसी स्टेशन पर कार्यरत शिक्षक तबादले के लिए आवेदन नहीं कर सकते थे। लेकिन बाद में अचानक पोर्टल में बदलाव कर यह शर्त हटा दी गई और सभी शिक्षकों को आवेदन की अनुमति दे दी गई। इस महत्वपूर्ण बदलाव की कोई प्रभावी या आधिकारिक सूचना शिक्षकों को नहीं दी गई।यूनियन नेताओं ने कहा कि स्टेशन चयन प्रक्रिया के दौरान कई शिक्षकों को पता चला कि उनका डेटा डीडीओज़ द्वारा स्वीकृत ही नहीं किया गया था। विभाग की ओर से स्पष्ट निर्देश न होने के कारण कई डीडीओ ने अपनी सुविधा के अनुसार डेटा को स्वीकृत या अस्वीकृत कर दिया।

शिक्षकों को इसकी जानकारी तब मिली जब स्टेशन चयन की प्रक्रिया शुरू हो चुकी थी।इसके साथ ही, स्टेशन चयन के समय पोर्टल पर पहले से भरे हुए पदों वाले स्कूलों में भी रिक्त पद दिखाए जाने से वहां पहले से कार्यरत शिक्षकों में चिंता और असमंजस बढ़ गया है। इसे विभाग की एक बड़ी लापरवाही माना जा सकता है।उन्होंने कहा कि शिक्षकों के विरोध के बाद विभाग ने एक दिन के लिए पोर्टल खोलकर डेटा सत्यापन का अवसर दिया, लेकिन यह समय भी बहुत कम था। जब तक पंजाब के हजारों शिक्षकों तक इसकी सूचना पहुंचती, तब तक पोर्टल फिर से बंद हो चुका था। पिछले एक महीने के दौरान कई बार पोर्टल सुबह खोला गया और शाम तक बंद कर दिया गया, जिससे शिक्षकों में भ्रम और असंतोष पैदा हुआ है।उन्होंने कहा कि विभाग जहां अन्य विभागीय पत्रों और निर्देशों को डीईओ, बीपीईओ और स्कूल प्रमुखों के माध्यम से समय पर शिक्षकों तक पहुंचाने में तत्परता दिखाता है, वहीं तबादला प्रक्रिया से संबंधित निर्देश और बदलाव भी उसी प्रकार शिक्षकों तक पहुंचने चाहिए। समय पर सूचना न मिलने के कारण आज भी कई शिक्षक अपना डेटा अपडेट करने से वंचित हैं।
गवर्नमेंट टीचर्स यूनियन पंजाब ने पंजाब के शिक्षा मंत्री से मांग की है कि वे इस मामले में व्यक्तिगत रूप से हस्तक्षेप करें और विभाग को निर्देश जारी करें कि पोर्टल पर किसी भी प्रकार का डेटा भरने, सत्यापन कराने या स्टेशन चयन के लिए शिक्षकों को पर्याप्त और उचित समय दिया जाए।इसके साथ ही, पोर्टल खोलने या बंद करने से पहले विधिवत नोटिस जारी किया जाए ताकि प्रत्येक शिक्षक तक सूचना पहुंच सके और तबादला प्रक्रिया पूरी तरह पारदर्शी एवं निष्पक्ष तरीके से संपन्न हो सके।इस अवसर पर अध्यापक संजीव धूत, रजत महाजन, अमर सिंह, विकास शर्मा, सुनील शर्मा, वरिंदर विक्की, नरेंद्र अजनोहा, प्रिंस पलियाल गढ़दीवाला, परमजीत कातिब, जसविंदर बुल्लोवाल, सचिन कुमार, मनजीत सिंह, जसवंत सिंह, परस राम, बलविंदर टाक, सतीश कुमार, राज कुमार, नरेंद्र मंगल, राजेश अरोड़ा, जसवीर बोदल, उमेश कुमार, अमरजीत सिंह, पवन कुमार, ऋषभ देव,चमन लाल, रजिंदर कुमार, रणवीर सिंह, शाम सुंदर, अश्वनी राणा, सरबजीत सिंह, नरेश मिड्डा, खुशवंत सिंह, ब्रिज मोहन और दविंदर मूनक सहित अन्य उपस्थित थे।












