
चंडीगढ़ (द स्टैलर न्यूज़)। चंडीगढ़ में जेल वार्डर भर्ती के लिए पूर्व अग्निवीरों के लिए राहत भरी खबर है। प्रशासन ने भर्ती नियमों में संशोधन कर उन्हें अधिकतम आयु सीमा में तीन से पांच साल तक की छूट देने का प्रावधान किया है। भर्ती में पहले चंडीगढ़ के मूल निवासी पूर्व अग्निवीरों को प्राथमिकता मिलेगी। उनके उपलब्ध नहीं होने पर पंजाब और हरियाणा के वास्तविक निवासी पूर्व अग्निवीरों को भी नियुक्ति का मौका दिया जाएगा। प्रशासन के गृह विभाग ने इस संबंध में पहले जारी अधिसूचना में संशोधन किया है। नई अधिसूचना के अनुसार, चंडीगढ़ के जेल एवं कारागार विभाग में जेल वार्डर पदों पर भर्ती के लिए पूर्व अग्निवीरों को अधिकतम आयु सीमा में तीन साल की छूट मिलेगी।

वहीं, अग्निवीर योजना के पहले बैच के उम्मीदवारों को पांच साल की छूट देने का प्रावधान किया गया है। आरक्षित वर्ग को अतिरिक्त छूट पूर्व अग्निवीरों को मिलने वाली तीन या पांच साल की रियायत अनुसूचित जाति (एससी), अनुसूचित जनजाति (एसटी) और अन्य पिछड़ा वर्ग (ओबीसी) के उम्मीदवारों को नियमानुसार मिलने वाली आयु सीमा की छूट के अतिरिक्त होगी। यानी आरक्षित वर्ग के पात्र पूर्व अग्निवीर दोनों रियायतों का लाभ उठा सकेंगे। भर्ती में चंडीगढ़ के वास्तविक निवासी पात्र पूर्व अग्निवीरों को प्राथमिकता दी जाएगी। यदि उनसे संबंधित आरक्षित रिक्तियां नहीं भर पाती हैं तो पंजाब और हरियाणा के वास्तविक निवासी पात्र पूर्व अग्निवीरों को अवसर मिलेगा। इस संशोधन से तीनों क्षेत्रों के पूर्व अग्निवीरों के लिए जेल वार्डर भर्ती में रोजगार के नए अवसर खुलेंगे।












