
नई दिल्ली (द स्टैलर न्यूज़)। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी अंतिम चरण के मतदान से पहले पश्चिम बंगाल के मथुरापुर में चुनाव प्रचार के लिए पहुंचे। उन्होंने चुनावी जनसभा को संबोधित करते हुए कहा कि टीएमसी पूरी तरह बौखलाई हुई हैं। उन्होंने कहा कि यह चुनाव खुद आगे बढ़कर देश की जनता लड़ रही है क्योंकि, उसी जनता ने 10 साल की विकास यात्रा भी देखी है और 60 वर्षों की दुर्गति भी देखी है। देश के करोड़ों गरीब जीवन की मूलभूत सुविधाओं से वंचित थे। भारत जैसे देश में भुखमरी की खबरें आम होती थीं। करोड़ों लोगों के सिर पर छत नहीं थी। महिलाएं खुले में शौच जाने के लिए मजबूर थीं। पीने के लिए पानी नहीं था। 18 हजार से ज्यादा गांवों में बिजली नहीं थी। उद्योगों के लिए संभावनाएं भी नहीं थीं। सबसे बड़ा दुर्भाग्य ये भी था कि सुधार के लिए चर्चा भी नहीं होती थी।

उन्होंने कहा कि भाजपा से बंगाल के लोगों का प्यार टीएमसी को बर्दाश्त नहीं हो रहा है। अब टीएमसी के पास मोदी की पहल में बाधा डालना ही एकमात्र हथियार बचा है। महिला हेल्पलाइन केंद्रों से लेकर आयुष्मान योजना के तहत मुफ्त चिकित्सा उपचार तक, टीएमसी इस क्षेत्र में केंद्रीय योजनाओं को लागू नहीं करती है। बंगाल के लोग टीएमसी के घिनौने इरादों की कीमत चुका रहे हैं।
उन्होंने कहा कि टीएमसी बंगाल की पहचान को खत्म करने में लगी है। ये बंगाल के मठों को, साधु संतों तक को नहीं छोड़ रहे। ये पार्टी इस्कॉन, रामकृष्ण मठ और भारत सेवाश्रम जैसी संस्थाओं को गाली दे रही है। पीएम मोदी ने कहा कि 4 जून के बाद अगले 6 महीनो में देश में बहुत बड़ा राजनीतिक भूचाल आने वाला है। ये परिवारवादी पार्टियां अपने आप बिखर जाएंगी।












