
चंडीगढ़ (द स्टैलर न्यूज़)। शिरोमणि अकाली दल ट्रेड विंग ने आज आम आदमी पार्टी (AAP) से चरदी कला फंड के लिए ट्रेड और इंडस्ट्री से जमा किए गए कुल पैसे का ब्यौरा देने की मांग की, साथ ही सरकार से यह भी पूछा कि बाढ़ राहत के तौर पर किसानों को इस फंड से कोई मुआवजा क्यों नहीं दिया गया।

ट्रेड विंग की कोर कमेटी की बैठक यहां अध्यक्ष एनके शर्मा की अध्यक्षता में हुई, ने AAP सरकार पर व्यापारियों और उद्योगपतियों से पैसे वसूलने के अलावा गैंगस्टरों को पनाह देने का भी आरोप लगाया।
बैठक का ब्यौरा देते हुए एनके शर्मा ने कहा कि पिछले साल विनाशकारी बाढ़ के बाद राज्य सरकार द्वारा बनाए गए चरदी कला फंड के लिए ट्रेड और इंडस्ट्री पर पैसे देने का दबाव डाला गया था। उन्होंने कहा कि फंड बने छह महीने से ज़्यादा हो गए हैं, लेकिन AAP सरकार ने इसके ज़रिए जमा किए गए कुल पैसे के बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। “न सिर्फ़ कलेक्शन को सार्वजनिक किया जाना चाहिए, बल्कि मुख्यमंत्री भगवंत मान को पंजाबियों को बताना चाहिए कि बाढ़ प्रभावित किसानों के लिए फंड से कोई पैसा क्यों नहीं जारी किया गया।”
राज्य सरकार द्वारा ट्रेड और इंडस्ट्री से जबरन वसूली का कड़ा संज्ञान लेते हुए, श्री शर्मा ने कहा कि एक्साइज और टैक्सेशन अधिकारियों को हर महीने आठ छापे मारने और हर छापे में कम से कम 8 लाख रुपये का जुर्माना लगाने का निर्देश दिया गया है। “यह उन गैंगस्टरों से मिल रही जबरन वसूली के अलावा है जिन्हें AAP सरकार पनाह दे रही है, जैसा कि सरकार के कोर्ट में दिए गए बयान से पता चलता है कि उसके पास कुख्यात गैंगस्टर जग्गू भगवानपुरिया के खिलाफ कोई सबूत नहीं है।” उन्होंने कहा कि इससे पंजाब से पूंजी का पलायन हो रहा है।
यह कहते हुए कि इन कारणों से इंडस्ट्री पंजाब से बाहर जा रही है, ट्रेड विंग के नेताओं हरपाल सिंह आहलूवालिया, संजीव तलवाड़ने पंजाब में बिजली की ऊंची कीमतों पर भी ध्यान दिया, जो अब औद्योगिक क्षेत्र के लिए 9 रुपये से 10 रुपये प्रति यूनिट हो गई है। सदस्यों ने पूछा, “बद्दी में इंडस्ट्री को 5 रुपये प्रति यूनिट की दर से बिजली दी जा रही है। इंडस्ट्री पंजाब में क्यों रहेगी?” सदस्यों ने राज्य में इंस्पेक्टर राज खत्म करने की भी मांग की और पिछली SAD सरकार द्वारा शुरू की गई वन टाइम सेटलमेंट – राहत योजना को लागू न करने के लिए सरकार की निंदा की।
मीटिंग में AAP सरकार और उसके मंत्री अमन अरोड़ा की भी निंदा की गई, जिन्होंने विधानसभा में राज्य में गायों की हत्या की अनुमति देने वाला प्रस्ताव पेश किया था। इसमें कहा गया कि यह भी उतना ही निंदनीय है कि कांग्रेस पार्टी इस मुद्दे पर चर्चा के लिए सहमत हो गई। मीटिंग में यह भी कहा कि गौ सेस के रूप में इकट्ठा किया गया फंड गौशालाओं को नही दिया जा रहा है और मांग की कि यह तुरंत दिया जाए।
एनके शर्मा ने बताया कि ट्रेड विंग पंजाब के गवर्नर से मुलाकात करके उन्हें पंजाब में ट्रेड और इंडस्ट्री को हो रही समस्याओं के बारे में बताएगा। उन्होंने यह भी घोषणा की कि विंग का एक विजन डॉक्यूमेंट जल्द ही घोषित किया जाएगा, साथ ही संगठन को निर्वाचन क्षेत्र, सर्कल और गांव स्तर तक ले जाने के लिए एक टाइमलाइन भी तय की जाएगी।
मीटिंग में अमित कपूर, मोहित गुप्ता, आरडी शर्मा, राजिंदर सिंह मारवाह, रणजीत सिंह खुरान, परमजीत सिंह मक्कड़, हरजीत सिंह, एडवोकेट परमबीर सिंह सनी और संजीव शौरी भी मौजूद थे।











