
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज)। पूर्व कैबिनेट मंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता तीक्ष्ण सूद द्वारा जारी प्रेस नोट में कहा है कि आम आदमी पार्टी के मोहल्ला क्लीनिकों का मॉडल पंजाब में लाकर स्वस्थ क्रांति लाने के वादे से सत्ता में आई थी। उस समय भी दिल्ली के लोग आम आदमी पार्टी के इस मॉडल से ज्यादा खुश नहीं थे। अब पंजाब में सरकार की कारगुजारी से स्वास्थ्य क्रांति का पोल खुल चुका है। सरकार के पहले साल ही पुरे पंजाब को 16 नए मैडीकल कॉलज आने वाले होलडिंगो से भर दिया गया था। 4 साल बीतने के बाद भी एक मैडीकल कॉलज कही नज़र नहीं आ रहा। सुविधा केंद्रों को बंद करके बनाए गए मुहल्ला क्लीनिकों में से कोई भी सुविधा उपलब्ध नहीं है। उनमे कोई नया स्टॉफ नहीं रखा गया। इसलिए पुराने स्वास्थ केंद्र बंद हो रहे है।

सूद ने कहा कि सरकार चाहे जितने मर्जी दावे करते रहे परन्तु आंकड़े पोल खोल ही देते है। सरकारी डाटा के अनुसार पंजाब में सरकारी हस्पतालों में दाखिल होने वाले मरीजों की संख्या में पंजाब में बढ़ोतरी न के बराबर है जबकि बिहार में प्रधानमंत्री आयुष्मान भारत जन आरोगय योजना के कारण बिहार में तीन साल में 5 गुना ,हरियाणा में 4 गुना ,उत्तर प्रदेश में 3 गुना तथा महाराष्ट्र में भी 6 गुना मरीजों की संख्या ने सरकारी हस्पतालों में इलाज़ करवाया है। पंजाब इस मामले में सबसे फिस्सडी साबित हुआ है ,यहां पर मरीजों की संख्या केवल 2 गुनी के करीब हो सकी। जबकि 76 आबादी के हिसाब पंजाब ,हरियाणा से कही अधिक बड़ा है। उन्होंने कहा कि इन आंकड़ो के समक्ष आम आदमी पार्टी के नेता अब स्वास्थ क्रांति की बात लोगो को कैसे समझा सकेंगे।












