
चंडीगढ़ (द स्टैलर न्यूज़)। पंजाबी के जाने-माने कवि पद्मश्री अवार्डी डा. सुरजीत पातर की मृत्यु पर पंजाब भाजपा प्रधान सुनील जाखड़ ने गहरा शोक जताया है। उन्होंने कहा कि पंजाबी साहित्य में सुरजीत पातर के योगदान को हमेशा याद रखा जाएगा। आज पंजाब की धरती ने अपने लाडले बेटे को खो दिया है। पातर जी ने अपनी कविताओं से पंजाबी भाषा को नई पहचान दिलाई। उन्होंने अपनी रचनाओं से मानवीय संवेदनाओं, प्रकृति प्रेम और सामाजिक मुद्दों को बाखूबी उठाया। उनकी कविताओं में पंजाब की मिट्टी की खुशबू और पंजाबियों के जीवन की सच्चाई झलकती थी।

उनकी कमी को कोई पूरा नहीं कर सकता। जाखड़ ने कहा कि शनिवार को जैसे ही उनके निधन की खबर उन्हें मिली तो उनका दिल टूट गया। उन्होंने कहा कि वह वाहेगुरु से अरदास करते हैं कि पातर की आत्मा को अपने चरणों में स्थान दे और उनके परिवार को यह दुख सहने की हिम्मत दे। डा. सुरजीत पातर ने लुधियाना में शनिवार तड़के अपने घर में अंतिम सांस ली।










