
नई दिल्ली (द स्टैलर न्यूज़)। इजरायली सेना के गुप्त अभियान के दौरान सीरिया में ईरान का बड़ा अंडरग्राउंड मिसाइल निर्माण ठिकाना मिला है, जिसे आईडीएफ ने नष्ट कर दिया है। इस ठिकानें पर कई सैकड़ों मिसाइलें तैयार की जा रही थी। इजरायली सेना ने इस महज 3 घंटे में भीषण हमला करके नष्ट कर दिया। इस ऑपरेशन में इजरायली सेना के 120 विशिष्ट कमांडो शामिल रहे। यह गुप्त ठिकाना हमास से लेकर हिजबुल्लाह और सीरिया के लिए मिसाइल आपूर्ति का गुप्त अड्डा था।

इजरायल ने अपने इस बेहद गुप्त मिशन का कोडनेम “ऑपरेशन मैनी वेज़” रखा था, जिसे 8 सितंबर 2024 को सीक्रेट तरीके से शुरू किया गया था। इजरायली अधिकारियों ने दावा किया कि यह साइट, ईरान के मिसाइल उत्पादन कार्यक्रम की एक प्रमुख परियोजना है, जिसका उद्देश्य लेबनान में हिजबुल्लाह और सीरिया में असद शासन को सटीक मिसाइलों की आपूर्ति करना था। अधिकारियों का दावा है कि यह ऑपरेशन इज़रायली बलों को बिना किसी चोट के अंजाम दिया गया। सीरिया में मिले इस गुप्त मिसाइल निर्माण का आकार घोड़े की नाल की तरह है।
इसमें तीन प्राथमिक प्रवेश द्वार हैं। पहला गेट कच्चे माल के लिए, दूसरा पूर्ण मिसाइलों के लिए और तीसरा रसद और कार्यालय तक पहुंच के लिए। इसकी सुविधा में सोलह उत्पादन कक्ष शामिल हैं, जिनमें रॉकेट ईंधन के लिए मिक्सर, मिसाइल बॉडी निर्माण क्षेत्र और पेंट रूम शामिल हैं। आईडीएफ ने अनुमान लगाया कि सुविधा का वार्षिक उत्पादन 100 से 300 मिसाइलों के बीच हो सकता है, जो 300 किलोमीटर दूर तक लक्ष्य तक पहुंचने में सक्षम हैं।












