
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। सरकार एवं नगर निगम की सख्ती के बावजूद अवैध कानूनियों के निर्माता अपनी हरकतों से बाज नहीं आ रहे हैं तथा उनके द्वारा किसी न किसी ढंग से प्लाटिंग करने का सिलसिला अपनाकर खूब माल बटौरा जा रहा है। जिसके चलते जहां सरकार को टैक्स के रुप में मिलने वाले राजस्व की हानि हो रही है वहीं नियम सिर्फ आम लोगों के लिए है, वाली कहावत भी चरितार्थ हो रही है।

ताजा मामला शहर के चांद नगर इलाके से सामने आया है, जहां पर अवैध रुप से प्लाटिंग का काम जारी है और जमीन मालिक द्वारा प्लाट बेचने हेतु बड़ी ही चालाकी से गली भी निकाल दी गई, ताकि पीछे के प्लाट आसानी से बिक सकें। जबकि नियमानुसार 20 मरले से अधिक जगह को प्लाटिंग करके बेचा जाता है तो वह कालोनी एक्ट में आता है और इसके लिए बाकायदा तौर पर निगम से स्वीकृत्ति लेकर एवं नक्शा पास करवाकर ही प्लाट बेचे जा सकते हैं। लेकिन यहां पर ऐसा कुछ भी करना यानिकि औपचारिकताएं पूरी की जानी जरुरी नहीं समझी गई। जिसके चलते अंदरखाते प्लाटिंग करके बेच भी दिए गए तथा पता चला है कि एकाध ही प्लाट बचा है और एक तरफ से दूसरी तरफ गली को जोड़ने की तैयारी भी कर ली गई है। जिसकी मुंह बोलती तस्वीरें आप देख ही रहे हैं।
बिना आज्ञा पीछे की तरफ गली का कटान एवं बेचे गए प्लाट के मालिकों के लिए अब कई प्रकार की समस्याएं पेश आने वाली हैं। पहली समस्या यह कि बिना आज्ञा काटे गए प्लाट एवं गली में न तो नक्शा पास होगा और न ही कभी पानी एवं सीवरेज की सुविधा मिलेगी। जिसके चलते प्लाट लेने वाले को कई प्रकार की परेशानियों का सामना करना पड़ सकता है। इतना ही नहीं नक्शा न पास होने की सूरत में वह अपने सपनों का घर बनाने से वंचित रह जाएगा और निगम की औपचारिकताएं से गुजरना पड़ेगा वो अलग से। जमीन के मालिक तो जमीन बेचकर व मुनाफा कमाकर अपने घरों में आराम से रहेंगे तथा जमीन लेने वाले को कभी एक दर तो कभी दूसरे दर भटकना पड़ सकता है। अगर आपने भी उक्त जगह में प्लाट लेने का मन बनाया है तो इनवैस्ट करने या प्लाट लेने से पहले यह सुनिश्चित कर लें कि कालोनी पास है या फिर उनके हाथ परेशानी ही लगने वाली है।
इस बारे में बात करने पर निगम अधिकारियों ने कहा कि मामला उनके ध्यान में आ गया है और इस संबंधी जमीन मालिक को नोटिस भेजा जाएगा तथा काम बंद करवाने के लिए इंस्पैक्टर की ड्यूटी लगा दी गई है। उनका कहना है कि नियमों के विपरीत किसी को भी कार्य करने की आज्ञा नहीं दी जाएगी।











