
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज), रिपोर्ट-नीरज धीमान। पंजाब के स्कूल शिक्षा विभाग (सेकेंडरी) ने अनुसूचित जाति (SC) और पिछड़े वर्ग (BC) के छात्र-छात्राओं को छात्रवृत्ति का लाभ आसानी से पहुंचाने के लिए एक नया और महत्वपूर्ण कदम उठाया है। विभाग ने भारत सरकार के सामाजिक न्याय और अधिकारिता मंत्रालय के सहयोग से तैयार की गई एक विशेष स्कॉलरशिप एप्लिकेशन ‘SETU’ (Scholarship for Educational Transformation and Upliftment) के संबंध में राज्य के सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्रिंसिपलों को दिशा-निर्देश जारी किए हैं।

एक ही जगह मिलेंगी स्कॉलरशिप से जुड़ी सभी सुविधाएं
जारी आधिकारिक अधिसूचना के अनुसार, ‘SETU’ ऐप को केंद्र सरकार की कल्याणकारी योजनाओं के लिए बने UMANG पोर्टल के साथ एकीकृत किया गया है। यह ऐप SC और BC वर्ग के विद्यार्थियों के लिए चलाई जा रही प्री-मैट्रिक और पोस्ट-मैट्रिक स्कॉलरशिप योजनाओं तक पहुँचने के लिए एक डिजिटल गेटवे के रूप में काम करेगी। इस सिंगल प्लेटफॉर्म के जरिए छात्र कई तरह की सेवाओं का लाभ उठा सकेंगे, जैसे:
· वन-टाइम रजिस्ट्रेशन
· छात्रवृत्ति के लिए आवेदन जमा करना
· दस्तावेजों का वेरिफिकेशन और ट्रैकिंग
· डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर के जरिए सीधे खाते में पैसे आना
दफ्तरों के चक्कर काटने से मिलेगी मुक्ति
शिक्षा विभाग ने बताया कि यह डिजिटल प्लेटफॉर्म बेहद सुचारू और पारदर्शी है। छात्र मोबाइल या कंप्यूटर के जरिए किसी भी समय और किसी भी स्थान से अपनी स्कॉलरशिप का स्टेटस देख सकते हैं। इससे विद्यार्थियों और उनके अभिभावकों को सरकारी दफ्तरों या अधिकारियों के पास बार-बार चक्कर काटने की जरूरत नहीं पड़ेगी, जिससे उनका समय और पैसा दोनों बचेंगे।
स्कूलों को दिए गए व्यापक प्रचार के निर्देश
विभाग ने सभी जिला शिक्षा अधिकारियों और स्कूल प्रमुखों को सख्त निर्देश दिए हैं कि वे अपने अधीन आने वाले स्कूलों में ‘SETU’ ऐप की विशेषताओं और फायदों के बारे में जागरूकता फैलाएं। इसके लिए पत्र के साथ ऐप का बैनर, क्यूआर कोड और अक्सर पूछे जाने वाले सवाल भी संलग्न किए गए हैं, ताकि इसका अधिक से अधिक प्रचार किया जा सके और कोई भी योग्य छात्र इस योजना का लाभ उठाने से न छूटे।












