
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। भारतीय जनता पार्टी के पूर्व जिला अध्यक्ष निपुण शर्मा ने अमेरिकी राजदूत सर्जियो गोर के श्री दरबार साहिब दौरे के दौरान खालिस्तान समर्थक नारे और झंडे दिखाए जाने की घटना पर पंजाब सरकार को आड़े हाथों लिया। उन्होंने कहा कि श्री दरबार साहिब जैसे पवित्र स्थल पर एक विदेशी राजनयिक के दौरे के दौरान इस प्रकार का प्रदर्शन पंजाब की छवि और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े करता है।

निपुण शर्मा ने कहा कि पंजाब सरकार को स्पष्ट करना चाहिए कि भारी सुरक्षा व्यवस्था के बावजूद खालिस्तान समर्थक तत्वों को इस तरह प्रदर्शन करने और झंडे लहराने का अवसर कैसे मिला। उन्होंने कहा कि पुलिस की मौजूदगी में इस प्रकार की घटना होना प्रशासन की तैयारियों पर सवाल खड़े करता है। सरकार को केवल बयान देने के बजाय यह स्पष्ट करना चाहिए कि इस मामले में जिम्मेदारी किसकी तय की गई और आगे ऐसी घटनाओं को रोकने के लिए क्या ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। उन्होंने कहा कि खालिस्तान की विचारधारा भारत की एकता और अखंडता के विरुद्ध है और ऐसी अलगाववादी मानसिकता को किसी भी रूप में सामान्य नहीं बनाया जाना चाहिए। पंजाब की शांति और भाईचारे को नुकसान पहुंचाने वाली हर गतिविधि के खिलाफ कानून के अनुसार कठोर कार्रवाई होनी चाहिए।
शर्मा ने कहा कि पंजाब पूरी दुनिया में अपनी मेहमाननवाज़ी, भाईचारे और गुरुओं की महान परंपरा के लिए जाना जाता है। जब कोई विदेशी मेहमान पंजाब आता है और उसके सामने कुछ लोग खालिस्तान के झंडे लेकर नारे लगाते हैं, तो इससे पूरी दुनिया के सामने पंजाब की छवि प्रभावित होती है। उन्होंने कहा कि पंजाब की पहचान मुट्ठी भर अलगाववादी तत्वों से नहीं, बल्कि यहां के करोड़ों शांतिप्रिय लोगों, मेहनतकश किसानों, जवानों और महान सांस्कृतिक विरासत से है।
उन्होंने पंजाब सरकार से मांग की कि अलगाववादी गतिविधियों पर केवल राजनीतिक बयानबाजी न हो, बल्कि कानून के तहत प्रभावी कार्रवाई की जाए। साथ ही विदेशी प्रतिनिधिमंडलों की यात्राओं के दौरान सुरक्षा व्यवस्था की समीक्षा कर यह सुनिश्चित किया जाए कि पंजाब की धरती पर कोई भी तत्व भारत विरोधी संदेश देने का दुस्साहस न कर सके। निपुण शर्मा ने कहा पंजाब की धरती गुरु साहिबानों की धरती है। यहां आने वाला हर मेहमान सम्मान और सुरक्षा का हकदार है। कुछ अलगाववादी तत्वों को पंजाब की मेहमाननवाज़ी और शांतिप्रिय पहचान को बदनाम करने की इजाजत नहीं दी जा सकती।
उन्होंने कहा कि भाजपा पंजाब की एकता, अखंडता, शांति और कानून के शासन के लिए अपनी आवाज लगातार मजबूती से उठाती रहेगी और पंजाब सरकार को अलगाववादी गतिविधियों के प्रति स्पष्ट एवं कठोर नीति अपनानी चाहिए।












