
होशियारपुर(द स्टैलर न्यूज़)। पंजाब में आजकल सभी राजनितिक दल पंजाब में व्यापत बढ़ रहे नशे के प्रचलन तथा उसके परिणामों को मुद्दा बनाकर अपनी राजनीती चमका रहे है। इसी तरह पंजाब की चरमराती कानून व्यवस्था एक प्रमुख मुद्दा बनी हुई है। जिस पर भारी राजनीती हो रही है। भ्रष्टाचार व अवैध माइनिंग को भी सभी राजनितिक दल अपनी प्राथमिकता में स्थान दे रहे है। पूर्व कैबिनेट मंत्री व वरिष्ठ भाजपा नेता तीक्ष्ण सूद ने कहा है इस बात से कोई इनकार नहीं पंजब में पिछले 10 -12 सालो से जो नशे का प्रचलन बढ़ा है तथा उसने कई कीमती जाने निगल ली है। उन्होंने कहा कि यह भी ठीक है कि पंजाब में कानून व्यवस्था की स्थिति आजकल दिन व दिन इतनी बिगड़ रही है कि कोई भी व्यकित अपने आप को सुरक्षित नहीं समझ रहा। दिन व दिन हत्याऐं और फ़िरौतियों की बातें देखने को मिल रही है।

उन्होंने कहा कि राजनितिक दलों की प्राथमिकता में अवैध माइनिंग ,पंजाब का बढ़ता हुआ कर्ज़ा तथा भ्रष्टाचार भी शामिल है परंतु अफ़सोस की बात यह है इन सब मुद्दों के बीच विकास का मुद्दा दब के रह गया है। श्री सूद ने कहा कि जब तक पंजाब के हालात ठीक नहीं हो जाते तब तक लोगो को सरोकार विकास की और कम ही देखने को मिलेगा। परंतु नित प्रतिदिन बढ़ रहे कर्ज़े के कारण पंजाब में कोई भी नया इंफ्रास्ट्रक्चर तैयार नहीं हो सका। 2007 से 2017 के 10 वर्षो में अकाली भाजपा की सरकार के समय क्योकि पंजाब में शांति का माहौल कायम रखा गया था तथा लोगों की प्राथमिकता में विकास कार्य थे। इस लिए उस समय सब से ज़्यादा इंफ्रास्ट्रक्चर पर पैसा खर्च हो सका। विकास कार्य लोगों की सहूलियत के लिए करवाए जाते है ताकि उनका रहन -सहन उनकी जरूरतों के मुताबिक हो सके। उन्होंने कहा कि राजनीतिक पार्टियों को विकास के मुद्दे पर भी अपना उतना ही ध्यान देना चाहिए जितना कि अन्य मुद्दों पर ताकि लोगो को सुविधाजनक इंफ्रास्ट्रक्चर मुहैया हो सके।












