
-बैंक लिमिट के मामले में मैनेजर गुंडों को लेकर आ गया था लिमिट धारक के घर, दी जान से मारने व देख लेने की धमकियां-
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। दसूहा में एच.डी.एफ.सी. बैंक कर्मियों द्वारा एक ग्राहक के साथ 70 लाख रुपये की धोखाधड़ी का मामला ठंडा भी नहीं पड़ा था कि होशियारपुर में बैंक कर्मियों द्वारा लिमिट धारक को धमकाने का मामला प्रकाश में आया है। इस संबंधी पत्रकारवार्ता में जानकारी देते हुए मोहल्ला कीर्ति नगर निवासी दर्शन सिंह सिद्धू ने बताया कि उन्होंने चार साल पहले फगवाड़ा चौक के पास स्थित एक बैंक से अपनी 6 एकड़ जमीन के बदले 40 लाख रुपये की लिमिट बनवाई थी तथा उन्होंने इससे डेयरी फार्मिंग का काम शुरु किया था। वैसे तो वह डेयरी फार्मिंग पहले से करते थे, मगर कारोबार को बढ़ाने के लिए उन्होंने लिमिट का प्रयोग कर लिया था। उन्होंने बताया कि कारोबार ठप्प होने के चलते वह लिमिट जमा नहीं करवा पाए थे तथा बैंक के साथ इसे लेकर टी.बी.आई. चंडीगढ़ में केस भी लगा है, जिसकी 10 मार्च को सुनवाई की तारीख है। उन्होंने बताया कि लिमिट के चल रहे विवाद को लेकर एक बार बैंक मैनेजर ने उनसे 10 लाख रुपये की मांग की थी कि वह अगर उन्हें 10 लाख रुपये दे देता है तो लिमिट वाला केस खत्म हो जाएगा। इस पर उन्हें थोड़ी शंका हुई और उन्होंने मैनेजर के साथ किसी तरह का लेन देन नहीं किया। उन्होंने कहा कि अब जब कि उनका केस चल रहा है तो ऐसे में जो फैसला आएगा वह उन्हें मंजूर होगा, क्योंकि वह बैंक का पैसा देना चाहते हैं, परन्तु 17 फरवरी को बैंक मैनेजर अपने कुछ साथियों (जो कि बैंक कर्मी नहीं बल्कि भाड़े के गुंडे लग रहे थे) के साथ उनके घर पर आया। घर वह उनकी पत्नी बलविंदर कौर व पुत्र जुझार सिंह मौजूद थे। बैंक मैनेजर व उनके साथ आए गुंडों ने उसकी पत्नी और पुत्र को ऐसी-ऐसी गालियां दी और बातें कहीं कि जो सुनी व कही नहीं जा सकती। उन्होंने बताया कि इसी दौरान वह भी घर पहुंचे गए और उनके साथ भी बैंक मैनेजर व उसके साथ आए लोगों ने दुरव्यवहार किया। उन्होंने बताया कि शोर सुनकर जब मोहल्ले के लोग इक_ा होने लगे तो बैंक मैनेजर और उसके साथी वहां से निकल गए। उन्होंने बताया कि वह मानसिक तौर पर इतने सहमे हुए हैं तथा उन्होंने इस संबंदी जिला पुलिस प्रमुख को एक शिकायत पत्र देकर बैंक मैनेजर और उसके साथियों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
दर्शन सिंह ने बताया कि उन्होंने अपनी पत्नी व बेटे के नाम पर लिमिट करवाई थी तथा विवाद के बाद उन्होंने बैंक को जमीन बेचकर पैसे देने की बात भी कही थी। परन्तु बैंक वाले जमीन से मिलने वाले सारे पैसे बैंक में जमा करवाने की बात करते रहे, इसे लेकर विवाद हल नहीं हो पाया, क्योंकि जमीन का भाव अधिक है और बैंक वाले उसके साथ धक्का करना चाहते हैं। उन्होंने बताया कि बैंक वालों के हिसाब से अब तक उसकी तरफ 70 लाख रुपये बना दिए गए हैं, जबकि कुछ किश्तें वह दे भी चुका है। रविवार होने के चलते बैंक अधिकारियों से बात नहीं हो सकी। इस मौके पर दर्शन सिंह के साथ गुरप्रीत सिंह, केवल सिंह तथा मनमोहन आदि भी मौजूद थे।













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