
हमीरपुर (द स्टैलर न्यूज़), रिपोर्ट-रजनीश शर्मा। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला टौणी देवी में चल रहे 3 दिवसीय अंडर-19 लड़कों के जिला स्तरीय टूर्नामेंट का समापन भव्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों के साथ उत्साहपूर्वक संपन्न हुआ। तीन दिनों तक चले इस टूर्नामेंट में खिलाड़ियों ने अपने उत्कृष्ट प्रदर्शन से दर्शकों को मंत्रमुग्ध किया। टूर्नामेंट के अंतिम दिन, विजेताओं को उनकी कड़ी मेहनत और बेहतरीन खेल प्रदर्शन के लिए मैडल एवं ट्रॉफियां प्रदान की गईं। समापन समारोह में विशेष रूप से खिलाड़ियों की हौसला अफजाई की गई और खेल के महत्व पर जोर दिया गया।

बास्केटबॉल के फाइनल मैच में टौणी देवी की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए शिक्षा ज्योति स्कूल रूढान को 81-36 से हराकर खिताब अपने नाम किया। दोनों टीमों के बीच मुकाबला काफी कड़ा रहा, लेकिन टौणी देवी की टीम ने जिसमें सुजल,अनुराग,रिजुल,कार्तिक,आर्यन के बेहतरीन प्रदर्शन एवं संजय और संजीव की मजबूत रणनीति और उत्कृष्ट टीमवर्क के बल पर जीत दर्ज की। खिलाड़ियों के शानदार प्रदर्शन ने दर्शकों को रोमांचित कर दिया और उन्होंने अपनी खेल भावना से सभी का दिल जीत लिया। इस जीत के साथ, टौणी देवी की टीम ने एक बार फिर साबित कर दिया कि उनके पास जिला स्तर पर सर्वश्रेष्ठ टीमों में से एक बनने की क्षमता है।
ताइक्वांडो के मुकाबले में भी टौणी देवी ने अपनी धाक जमाए रखी। टौणी देवी के खिलाड़ियों ने कोच सतीश राणा के मार्गदर्शन में कुल 6 गोल्ड मेडल जीतकर ताइक्वांडो में अव्वल स्थान हासिल किया। गोल्ड मेडल विजेताओं में अनुराग भूषण, नीरज, अनुराग,सचिन और अनमोल जैसे प्रतिभाशाली खिलाड़ियों ने अपने असाधारण कौशल और कठिन परिश्रम का प्रदर्शन किया। उनके बेहतरीन प्रदर्शन ने न केवल स्कूल का मान बढ़ाया बल्कि उन्हें जिला स्तर पर शीर्ष स्थान दिलाया। टौणी देवी की इस सफलता ने यह दर्शाया कि स्कूल में न केवल अकादमिक, बल्कि खेल प्रतिभाओं का भी भरपूर विकास हो रहा है।
योग प्रतियोगिता में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला चौरी ने प्रथम स्थान प्राप्त किया। हिम अकादमी स्कूल द्वितीय स्थान पर रहा।
समापन समारोह में विजेता खिलाड़ियों को मैडल और ट्रॉफियां प्रदान की गईं। मुख्य अतिथि सेवानिवृत प्रधानाचार्य सुरेश ठाकुर ने खिलाड़ियों को उनके उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए बधाई दी और उन्हें खेल भावना से प्रेरित होकर भविष्य में और भी बेहतर करने के लिए प्रेरित किया। उन्होंने कहा कि खेल न केवल शारीरिक रूप से फिट रहने का एक माध्यम है, बल्कि मानसिक और भावनात्मक विकास के लिए भी अत्यंत महत्वपूर्ण है। खेल जीवन में अनुशासन, आत्म-नियंत्रण, और टीमवर्क जैसे महत्वपूर्ण गुणों का विकास करता है, जो जीवन के हर क्षेत्र में सफलता के लिए आवश्यक होते हैं।
कार्यक्रम में सांस्कृतिक प्रस्तुतियों ने भी चार चांद लगा दिए। छात्रों ने रंगारंग नृत्य और गीतों के माध्यम से समापन समारोह को और भी जीवंत बना दिया। लोक नृत्य, समूह गीत और अन्य सांस्कृतिक कार्यक्रमों ने दर्शकों का खूब मनोरंजन किया और पूरे वातावरण में उत्सव का माहौल बना दिया। स्थानीय लोक नृत्य और संगीत की प्रस्तुतियों ने पारंपरिक और सांस्कृतिक धरोहर को जीवंत रखा और दर्शकों ने भरपूर तालियाँ बजाकर कलाकारों की हौसलाअफजाई की जबकि मुख्य अतिथि ने 11 हजार रूपए दिए
इस तीन दिवसीय टूर्नामेंट में जिले के 29 स्कूलों के 294 छात्रों ने बास्केटबॉल, ताइक्वांडो और योग जैसी विभिन्न खेल गतिविधियों में हिस्सा लिया। प्रत्येक खेल में छात्रों ने अपने कौशल, संयम और परिश्रम का प्रदर्शन किया। आयोजकों ने इस अवसर पर स्थानीय समुदाय और स्कूल प्रबंधन का धन्यवाद किया, जिनके सहयोग और समर्पण से इस आयोजन को सफलतापूर्वक संपन्न किया जा सका।
समापन समारोह में विभिन्न विद्यालयों के शिक्षक, रेफरी, निर्णायक, और विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों ने भाग लिया। सभी उपस्थितों ने विजेताओं को बधाई दी और खेल भावना को बनाए रखने के लिए प्रेरित किया।
इस अवसर पर प्रधानाचार्य रजनीश रांगड़ा ने सभी प्रतिभागियों को शुभकामनाएँ दीं और कहा कि खेल छात्रों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने इस टूर्नामेंट के सफल आयोजन के लिए स्कूल स्टाफ और खिलाड़ियों को बधाई दी और आशा व्यक्त की कि भविष्य में भी ऐसे आयोजन होते रहेंगे, जिससे जिले के छात्रों को अपनी खेल प्रतिभा निखारने का अवसर मिलता रहेगा।












