
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। श्री राम लीला कमेटी होशियारपुर की तरफ से श्री अयोध्या धाम के दर्शनों के लिए गए जत्थे के आने-जाने, रहने एवं खाने की व्यवस्था के लिए संस्था की जितनी प्रशंसा की जाए कम है। इसके साथ ही इस अद्भुत एवं अविस्मरणीय यात्रा के लिए हम सभी श्री राम लीला कमेटी के प्रधान गोपी चंद कपूर व उनकी टीम का आभार व्यक्त करते हैं। लेकिन, इसके विपरीत भारतीय रेलवे के दावों के विपरीत रेलवे की व्यवस्था बिलकुल ही खराब थी और बार-बार शिकायत करने के बावजूद भी किसी ने कोई सुनवाई नहीं की। जिसका भारतीय रेल मंत्रालय को कड़ा संज्ञान लेना चाहिए ताकि भविष्य में किसी भी यात्री को परेशानी का सामना न करना पड़े।

अयोध्या धाम यात्रा के लिए श्री राम लीला कमेटी के प्रधान गोपी चंद कपूर व उनकी टीम बधाई की पात्र
यह बात भारत विकास परिषद के अध्यक्ष व प्रमुख समाज सेवी संजीव अरोड़ा ने यात्रा से लौटने दौरान यात्रा के अनुभव सांझा करते हुए जारी एक प्रैस विज्ञप्ति में कही। श्री अरोड़ा ने बताया कि यात्रा 4 मार्च को प्रारंभ हुई थी तथा जत्थे ने जालंधऱ से सरजू-यमना एक्सप्रैस लेनी थी। पर यात्री जब जालंधर पहुंचे तो पता चला कि गाड़ी साढे 5 घंटे देरी से है। जब गाड़ी आई तो सभी यात्री अपनी-अपनी सीट पर बैठ गए। दुख की बात यह रही कि गाड़ी के डिब्बों में बने शौचालयों में पानी की व्यवस्था न होने से सभी को खासी परेशानी हुई। रेलवे स्टाफ से बार-बार कहे जाने के बावजूद भी किसी ने उसे गंभीरता से नहीं लिया। बाद में आनलाइन शिकायत करने पर काफी देर बाद रास्ते में कहीं से पानी भरा गया तो थोड़ी राहत मिली। यह हालत साधारण या स्लीपर कक्षा में नहीं बल्कि सेकेंड एसी 2 टायर व थर्ड एसी डिब्बे में भी देखने को मिली। जिस कारण यात्रियों को मानसिक एवं आर्थिक पीड़ा का दुखद अनुभव हुआ।
श्री अरोड़ा ने बताया कि वापसी पर उनकी टिकटें सेकेंड एसी 2 टायर में थीं, लेकिन रेलवे ने उन्हें थ्री टायर एसी के डिब्बे में बिठा दिया, जिसमें बिना टिकट के कई लोग चढ़ गए और सफर मुश्किल हो गया। इस बारे में जब आनलाइन शिकायत की तो और औपचारिकताओं की लंबी चौड़ी लिस्ट दे दी गई, पर समस्या का समाधान नहीं हुआ। वापसी में भी शौचालयों में पानी की कमी से जूझना पड़ा। उन्होंने कहा कि रेलवे मंत्रालय को ऐसी समस्याओं को गंभीरता से हल करना चाहिए। उन्होंने मांग की कि उन्होंने सेकेंडर एसी 2 टायर की टिकटें बुक की थीं, पर उन्हें सफर थ्री टायर एसी में करवाया गया, जिससे उनकी सेहत खराब हो गई, जिसके लिए उन्हें रिफंड दिया जाए और लापरवाही बरतने वाले अधिकारियों एवं कर्मचारियों पर सख्त कार्यवाही की जाए। श्री अरोड़ा भारत सरकार से मांग की कि वह धार्मिक स्थानों की यात्रा करने वाले श्रद्धालुओं के साथ-साथ आम यात्रियों की सुविधाओं का विशेष ध्यान रखें ताकि किसी को भी इस प्रकार की परेशानी का सामना न करना पड़े और लापरवाही बरतने वाले अमले पर भी नकेल कसी जाए।












