
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। कोरोना वायरस का संकट लगभग नियंत्रण में है तथा इसी के चलते सरकार ने करफ्यू में ढील दी है। दुकानें तथा शराब के ठेके खोलने की आज्ञा दी है। लेकिन दुख की बात है सरकार ने हमारे श्रद्धा के केन्द्र मंदिर और गुरुद्वारा साहिब को खोलने की आज्ञा न देकर हमारी आस्था को ठेस पहुंचाई है। इसलिए सरकार को प्रदेशवासियों की आस्था का सम्मान करते हुए मंदिर और गुरुद्वारों को खोलने व श्रद्धालुओं को पूजा अर्चना की आज्ञा देनी चाहिए। यह मांग जिला भाजपा व्यापार सैल के अध्यक्ष दर्पण गुप्ता ने पंजाब सरकार से की। दर्पण गुप्ता ने कहा कि अगर बाजार व खासकर शराब के ठेके खोले जा सकते हैं तो फिर आस्था के केन्द्र बंद रखने का तो सवाल ही पैदा नहीं होगा। जनता सरकार की हिदायतों का पालन करती हुई ही करफ्यू में ढील में अपने कामकाज निपटा रही है।

इसी प्रकार धार्मिक स्थलों में भी जनता सोशल डिस्टेंसिंग व अन्य हिदायतों का पालन करते हुए अपने इष्ट का पूजन करेंगे तथा अगर सरकार इसकी अनुमति देती है तो उन्हें विश्वास है कि उसका सभी पार्टियां व संगठनों द्वारा स्वागत किया जाएगा। दर्पण गुप्ता ने कहा कि कोरोना वायरस से बचाव हेतु समस्त जनता अपना दायित्व निभा रही है और जो लोग नहीं मान रहे उन्हें पुलिस द्वारा खूब समझाया जा रहा है। लेकिन कुछेक लोगों की गलती की सजा सभी को नहीं दी जा सकती। इसलिए सरकार को चाहिए कि वो प्रदेशवासियों की धार्मिक आस्था व भावनाओं का सम्मान करते हुए धार्मिक स्थलों में सुबह एवं शाम को एक तय संख्या तक उपस्थिति को स्वीकृति देकर पूजा अर्चना की आज्ञा दे। उन्होंने जनता से भी अपील की कि अगर सरकार धार्मिक स्थलों को खोलने व पूजा अर्चना की आज्ञा देती है तो वहां जाने दौरान सभी हिदायतों का पालन करें ताकि कोरोना जैसी महामारी को पैर पसारने का मौका न मिले।











