
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। कोमल मित्तल आईएएस, डिप्टी कमिश्नर कम चेयरपर्सन जिला नशा मुक्ति पुनर्वास सोसायटी होशियारपुर के आदेशानुसार, सनातन धर्म कॉलेज होशियारपुर में जिला होशियारपुर ब्लॉक 1-2 के अंतर्गत आने वाले सरकारी स्कूलों के प्रिंसिपल, मुख्य अध्यापक, इंचार्ज और ब्लॉक प्राथमिक शिक्षा अधिकारियों को नशाखोरी के दुष्प्रभावों और इसके इलाज के बारे में जानकारी देने के लिए एक दिवसीय कार्यशाला का आयोजन किया गया। जिसमें मुख्य अतिथि श्री मनप्रीत सिंह जिला सामाजिक सुरक्षा अधिकारी, विशेष अतिथि डा. साहिलदीप सलहण मेडिकल ऑफिसर, निशा रानी तथा संदीप कुमारी के नेतृत्व में कार्यशाला लगाई गई। यह पूरा कार्यक्रम हेमा शर्मा प्रेसिडेंट एसडी कॉलेज मैनेजमेंट कमेटी, श्री श्री गोपाल जी सचिव, प्रिंसिपल प्रशांत सेठी जी की अध्यक्षता में कॉलेज के रेड रिबन क्लब के इंचार्ज प्रो. (डा) गुरचरन सिंह, प्रो. मोनिका और टीम के सहयोग से किया गया। इस मौके पर प्रशांत आदियां, तनिया द्वारा नशे के शॉर्ट और टर्म इफेक्ट्स के बारे में विस्तारपूर्वक जानकारी दी गई।

उन्होंने संबोधित करते हुए कहा कि युवा शक्ति किसी भी राष्ट्र की नींव होती है और युवा शक्ति समाज और देश के विकास में महत्वपूर्ण योगदान देती है, इसलिए यह बहुत जरूरी है कि नशा मुक्त भारत अभियान में युवा बड़ी संख्या में जुड़ें और इस चुनौती को स्वीकार करते हुए नशा मुक्त भारत अभियान के अधीन यह प्रतिज्ञा करें कि मैं नशा मुक्त जीवन व्यतीत करूंगा, अपना, अपने परिवार, बच्चों, दोस्तों और समाज को नशा मुक्त रहने की कोशिश जारी रखूंगा, स्वास्थ्य विभाग द्वारा जारी इस मुहिम में अपना पूरा योगदान दूंगा, जिससे देश समाज और कानूनी की मदद हो सके। अगर हम अपने आप से बदलाव और जागरूक होंगे तो ही समाज को बदल सकते हैं। क्योंकि बदलाव की शुरुआत अपने आप से होनी चाहिए इसलिए हमें सबको मिलकर अपने जिले, राज्य और देश को नशा मुक्त बनाइए। इस मौके पर उन्होंने कहा कि विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार नशाखोरी एक बार बार होने वाली, लंबा समय चलने वाली मानसिक बीमारी है जो जिसका इलाज स्वास्थ्य विभाग पंजाब द्वारा मुफ्त किया जाता है। नशाखोरी वाला व्यक्ति भटका हुआ है।
उसे नफरत करने या मजाक उड़ाने की बजाय प्यार से समझाकर उसे सीधे रास्ते पर लाना चाहिए। क्योंकि इसका इलाज हर जिले के स्वास्थ्य अदारे में मुफ्त किया जाता है। जिला हुशियारपुर में नशाखोरी का इलाज सिविल अस्पताल हुशियारपुर और दसूआ और सरकारी रीहैबिलिटेशन सेंटर हुशियारपुर में किया जाता है। नशाखोरी से ग्रस्त व्यक्ति हेपेटाइटिस-सी (काला पीलिया), एच. आई. वी. एड्स जैसी भयानक बीमारियों का शिकार हो सकते हैं। इन बीमारियों का भी इलाज स्वास्थ्य विभाग द्वारा मुफ्त किया जाता है। आओ एक अभियान चलाएं नशा मुक्त पंजाब बनाइए। इस मौके पर शपथ ली गई। इस मौके पर आए प्रिंसिपल और मुख्य अतिथि का धन्यवाद किया और उन्हें टोकन ऑफ लव देकर सम्मानित किया गया। इस अवस पर कृष्ण गोपाल ज़िला नोडल अफसर एंटी ड्रग्ज़ जागरूकता स्कूल शिक्षा उपस्थित थे।












