
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। सिविल सर्जन होशियारपुर डॉ. मनदीप कमल जी के दिशा-निर्देशों के अनुसार नाको (राष्ट्रीय एड्स नियंत्रण संगठन) के सहयोग से ब्लॉक स्तरीय रिफ्रेशर ट्रेनिंग-कम-ओरिएंटेशन वर्कशॉप का आयोजन कार्यालय सिविल सर्जन के ट्रेनिंग हॉल में किया गया। यह वर्कशॉप एच.एम.आई.एस (HMIS), आर.सी.एच 2.0, एएनएमोल ऐप (ANMOL App) और ए.बी.डी.एम (ABDM) संबंधी करवाई गई। जिला होशियारपुर के बैच-1 की यह ट्रेनिंग सिविल सर्जन डॉ. मनदीप कमल की अगुवाई में करवाई गई, जिसमें विभिन्न प्रोग्राम अधिकारियों और जिला स्तरीय अधिकारियों की उपस्थिति रही। इस मौके पर जिला प्रोग्राम मैनेजर मोहम्मद आसिफ, डी.एम.ई.ओ अनुराधा ठाकुर, डी.एम.ई.आई.ओ तरसेम लाल, एच.एम.आई.एस कोऑर्डिनेटर शहबाज सिंह तथा नाको से दिलप्रीत सहित अन्य अधिकारी उपस्थित थे।

सिविल सर्जन डॉ. मनदीप कमल ने ट्रेनिंग के दौरान सभी स्टाफ को निर्देश दिए कि आर.सी.एच 2.0 के अंतर्गत सभी गर्भवती महिलाओं की आभा आई.डी (ABHA ID) बनाना सुनिश्चित किया जाए, ताकि उन्हें सरकारी स्वास्थ्य सुविधाओं का पूरा लाभ मिल सके और मातृ एवं शिशु स्वास्थ्य सेवाओं की प्रभावी निगरानी की जा सके।
उन्होंने एच.एम.आई.एस (HMIS) के अंतर्गत एकत्र किए गए डेटा का विश्लेषण भी किया तथा डेटा एंट्री के दौरान आने वाली त्रुटियों को समय पर दूर करने के निर्देश दिए। उन्होंने कहा कि सही और समय पर डेटा अपडेट करने से स्वास्थ्य सेवाओं की योजना बनाने में सहायता मिलती है तथा लोगों को बेहतर स्वास्थ्य सुविधाएं प्रदान की जा सकती हैं।
इस ट्रेनिंग में ब्लॉक हाजीपुर की ए.एन.एम., एल.एच.वी., सी.एच.ओ., आर.बी.एस.के. मेडिकल ऑफिसर, स्टाफ नर्स, बी.एस.ए., आई.ए. तथा कंप्यूटर ऑपरेटरों को एच.एम.आई.एस और आर.सी.एच 2.0 संबंधी विस्तृत प्रशिक्षण दिया गया, ताकि वे अपनी ड्यूटी के दौरान डिजिटल प्रणालियों का सही उपयोग कर सकें।
ट्रेनिंग के दौरान पंजाब एड्स कंट्रोल सोसाइटी के प्रतिनिधियों द्वारा एड्स कंट्रोल प्रोग्राम के बारे में संक्षिप्त जानकारी दी गई तथा एच.आई.वी/एड्स की रोकथाम, जांच और जागरूकता संबंधी महत्वपूर्ण निर्देश साझा किए गए।
अंत में सिविल सर्जन डॉ. मनदीप कमल ने कहा कि इस प्रकार की रिफ्रेशर ट्रेनिंग वर्कशॉप से स्वास्थ्य कर्मियों की कार्यक्षमता में सुधार होता है और स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को और बेहतर बनाने में सहायता मिलती है।












