
होशियारपुर (द स्टैलर न्यूज़)। गऊ सेवकों द्वारा चलाई जा रही गऊशालायें जोकि 518 के करीब हैं और उनमें लाखों की तादाद में लावारिस, घायल, बीमार गऊधन संभाला जा रहा है और गऊशाला चालकों की बहुत पुरानी मांग को आज पंजाब सरकार ने मानकर सराहनीय कार्य किया है, उक्त बात नई सोच वैल्फेयर सोसायटी सदस्य अशवनी गैंद द्वारा एक प्रैस नोट जारी करते हुये कही। उन्होंने कहा कि इस निर्णय से गऊशाला चालकों की आर्थिक स्थिति में थोड़ा सहयोग मिलेगा। संस्था द्वारा पंजाब सरकार से मांग की है कि सड़कों पर घूम रहे लवारिस गऊधन को भी जल्द से जल्द गऊशालाओं में पहुंचाया जाये।

अशवनी गैंद ने कहा कि 2 महीने पहले गऊ सेवा कमिशन के उप-चेयरमैन कीमती भगत द्वारा प्रशासनिक अधिकारियों से मीटिंग करने के उपरान्त शहर में घूम रहे लावारिस गऊधन को गऊशालाओं में पहुंचाने के आदेश दिये थे जिसे प्रशासन ने एक कान से सुनकर दूसरे कान से निकाल दिया, सो उन्होेंने ज़िला प्रशासन से मांग की है किजो आदेश पंजाब सरकार द्वारा दिया जाता है उसका पालन भी किया जाना चाहिये न कि खबरों तक सीमित रहना चाहिये। गैंद ने कहा कि माता चिन्तपूर्णी के मेले से पहले-पहले सड़कों पर घूम रहे लीवारिस गऊधन को पकड़कर गऊशालाओं में पहुंचाया जाये ताकि काफी तादाद में आने वाले श्रद्धालुओं को किसी अनहोनी तथा दुर्घटनाओं से बचाया जा सके। इस अवसर पर वीर प्रताप राणा, अशोक शर्मा, नीरज गैंद, अमन सेठी, राज कुमार वशिष्ट आदि उपस्थित थे।












